संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। जिले में टीबी के बढ़ते मामलों और मौतों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। टीबी मुक्त जिला बनाने के लिए प्रयास जारी हैं, लेकिन हर साल करीब 900 नए मामले सामने आना और मरीजों की मौत चुनौती बना हुआ है।
पिछले 21 माह में जिले में 86 टीबी मरीजों की मौत हुई है। वर्ष 2025 में 52, जबकि वर्ष 2026 में अब तक 34 मरीज दम तोड़ चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिन मरीजों की मौत हुई, उनमें से कई टीबी के साथ अन्य गंभीर बीमारियों से भी पीड़ित थे। ऐसे मामलों में मरीजों की स्थिति पहले से गंभीर थी और मौत के लिए केवल टीबी को जिम्मेदार नहीं माना जा सकता।
जिले में हर वर्ष करीब 900 टीबी के मामले सामने आ रहे हैं। टीबी की पहचान, मरीजों को नियमित उपचार उपलब्ध करवाने और दवा का पूरा कोर्स करवाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से अभियान चलाए जा रहे हैं। इसके बावजूद नए मामलों और मौतों का आंकड़ा विभाग के लिए चुनौती बना हुआ है।