स्थानीय बाजार हमीरपुर में सार्वजनिक शौचलाय की छत पर टंग निजी संस्थान का होर्डिंग।(संवाद)
हमीरपुर। नगर परिषद हमीरपुर के विभिन्न वार्डों और चौराहों पर लगे होर्डिंग्स और पोस्टरों के कारण शहर की सुंदरता पर दाग लग रहा है। दूसरी ओर शहर में अवैध रूप से होर्डिंग लगाने वालों को एक वर्ष में एक भी नोटिस जारी नहीं हुआ है। ऐसे में नियमों को ताक पर रखकर निजी संस्थानों के संचालक शहर में होर्डिंग लगाने में व्यस्त है। अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया है। इसके बाद गत वीरवार को शहर के मुख्य चौराहे पर आखिरकार नगर परिषद ने एक होर्डिंग लगाने वाले पर कार्रवाई की है।
सालों के मौन के बाद आखिरकार नगर परिषद प्रबंधन की नींद टूटी है लेकिन वह भी औपचारिकता मात्र बन कर रह गई है। अब एक को मात्र 500 रुपये जुर्माना लगाया गया है। नगर परिषद की ओर से पूरे शहर में होर्डिंग्स लगाने के लिए करीब 13 विभिन्न स्थल चिह्नित किए हैं। इन सभी साइट्स को नगर परिषद ने वार्षिक किराये पर आवंटित किया हुआ है। इसके बावजूद निजी स्कूल, कोचिंग संस्थान और कंपनियों के संचालक बिना अनुमति शहर में अपने होर्डिंग्स और पोस्टर लगा रहे हैं। कार्रवाई न होने पर बिना अनुमति के शहर में होर्डिंग की संख्या बढ़ती जा रही है। इससे सड़क से गुजरने वाले वाहन चालकों, राहगीरों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों राम सिंह, विजय, आशुतोष, प्रतिभा, रजनी, कामना आदि ने नगर परिषद और जिला प्रशासन से अनधिकृत होर्डिंग्स को हटाने की मांग की है। शहर में अवैध होर्डिंग हटाने के नाम पर एक्का-दुक्का निजी संस्थान संचालकों पर कार्रवाई होती है। इसके परिणामस्वरूप शहर में समस्या जटिल बनी हुई है। इस बारे में नगर परिषद हमीरपुर के कार्यकारी अधिकारी संजय कुमार ने कहा कि शहर में होर्डिंग्स के लिए नगर परिषद ने करीब तेरह साइट्स एक कंपनी को वार्षिक शुल्क पर आवंटित की हैं। शेष अनधिकृत होर्डिंग्स पर नगर परिषद जल्द कार्रवाई करेगी। नियमों का पालन न करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।