सुजानपुर (हमीरपुर)। विधानसभा क्षेत्र सुजानपुर में आयोजित होने वाले राष्ट्र स्तरीय होली उत्सव के सफल आयोजन को लेकर सोमवार को झंडा रस्म का आयोजन किया गया। इस दौरान शहर के लोगों ने वर्षों से चली आ रही परंपरा को निभाते हुए झंडा रस्म निभाई और मेले के सफल आयोजन को लेकर मन्नत मांगी। इस दौरान सैकड़ों लोग एकत्रित हुए।
लंबे समय से सुजानपुर के चौगान में लगने वाले मेले के आयोजन को लेकर के शहर के लोग लोअर और अपर बाजार में मेले के सफल आयोजन को लेकर के झंडा चढ़ाकर मन्नत मांगते हैं।
इस परंपरा को शहर के लोग वर्षों से निभाते आ रहे हैं। होली से पहले अष्टमी के दिन इस शुभ कार्य को किया जाता है। पुराने रीति-रिवाजों के मुताबिक झंडा रस्म के साथ ही मेले का शुभारंभ हो जाता है। हालांकि राष्ट्रीय स्तरीय मेले का दर्जा देने के बाद सरकारी तौर पर मेला इस बार चार दिवसीय मेला 5 से 8 मार्च तक मनाया जाएगा।
मेले का शुभारंभ प्राचीन मुरली मनोहर मंदिर से किया जाता है। जहां महाराजा संसार चंद मुरली मनोहर मंदिर में पूजा-अर्चना के साथ होली का गुलाल प्रजा के साथ खेलते थे। इसी परंपरा को सरकार के नुमाइंदे निभा रहे हैं। लोअर बाजार के शिव मंदिर में पुराने समय से पुवारी खानदान से अजय पुवारी ने इस परंपरा को निभाया और शहर के राजपुरोहित आशुतोष शर्मा ने विधि विधान से पूजा-अर्चना करवाई।
दूसरे दिन 86 हजार रुपये लगी एक प्लॉट के लिए बोली
इस बार होली मेले के लिए दुकानदारों में रही खूब प्रतिस्पर्धा
चौगान में लगने वाली दुकानों को लेकर प्लाॅटों की बिक्री को लेकर दुकानदारों में खूब प्रतिस्पर्धा देखी जा रही है। प्लाॅटों की नीलामी के दूसरे दिन सोमवार को अधिकतम बोली 86 हजार रुपये की लगी। महत्वपूर्ण और दिलचस्प पहलू है कि इस बार जिस तरह से दुकानदारों में आपसी प्रतिस्पर्धा देखी जा रही है। मेले के दौरान प्लाॅटों की बिक्री से ही पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार 20 लाख रुपये से अधिक राजस्व एकत्रित होने की संभावना है। जहां डोम और झूला मार्केट से 60 लाख के करीब राजस्व प्राप्त हो चुका है। वहीं, प्लाॅटों की बिक्री में पहले दिन 28 लाख रुपये इकट्ठे हुए थे। दूसरे दिन 15 लाख रुपये से अधिक इकट्ठा होने की संभावना है जबकि अभी प्लाॅटों की बिक्री जारी है।