संवाद न्यूज एजेंसी
दियोटसिद्ध (हमीरपुर)। सिद्धपीठ बाबा बालक नाथ धाम दियोटसिद्ध में आगामी चैत्र मास के मेले को लेकर प्रशासन ने बुधवार को आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के लिए मॉक ड्रिल आयोजित की। इस दौरान भूकंप और भीड़ में भगदड़ की काल्पनिक स्थिति बनाकर राहत एवं बचाव कार्यों का अभ्यास किया।
मॉक ड्रिल में 20 लोगों के भूकंप और भगदड़ में घायल होने का परिदृश्य तैयार किया गया। इसके बाद राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ), पुलिस, होमगार्ड और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चकमोह के डॉक्टरों सहित विभिन्न विभागों के कर्मचारियों ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू अभियान चलाया।
टीमों ने घायलों को सुरक्षित स्थान से निकालकर स्ट्रेचर के माध्यम से मेडिकल इमरजेंसी तक पहुंचाया और प्राथमिक उपचार उपलब्ध करवाया। मॉक ड्रिल के दौरान विभिन्न विभागों के बीच समन्वय और त्वरित प्रतिक्रिया की प्रक्रिया का भी अभ्यास किया गया। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद रहकर पूरी कार्रवाई का निरीक्षण किया।
मंदिर न्यास अध्यक्ष एवं एसडीएम बड़सर स्वाति डोगरा ने कहा कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में संबंधित विभागों की भूमिका और त्वरित कार्रवाई की तैयारी को परखना है।
उन्होंने कहा कि चैत्र मेलों के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु दियोटसिद्ध पहुंचते हैं, इसलिए प्रशासन द्वारा सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जा रही हैं।