हमीरपुर। पशुपालन विभाग की ओर से जिला में पशुगणना का कार्य संपन्न कर लिया गया है। जिला के करीब 1790 गांवों में पशुओं की गणना हुई है। हालांकि पशुओं की गणना के लिए 15 अप्रैल तक तिथि निर्धारित थी लेकिन जिला में तिथि से पहले ही पशुओं की गणना कर ली गई है। जिला में सितम्बर माह से पशुओं की गणना शुरू हुई थी। पशुगणना में 250 से अधिक कर्मियों ने सहयोग दिया है। पिछली बार जहां गणना के लिए पोर्टल तैयार किया गया था, वहीं इस बार मोबाइल एप के माध्यम से पशुओं का डाटा ऑनलाइन अपलोड किया गया है। पशुगणना में गाय, बैल, भैंस सहित अन्य पशुओं की गणना की गई, ताकि पशुओं के सही आंकड़े विभाग के पास उपलब्ध हो सकें।
पशुओं की गणना प्रत्येक पांच वर्ष बाद करवाई जाती है। इससे पूर्व वर्ष 2019 में प्रदेशभर में 20वीं पशुगणना हुई थी। उसके बाद अब विभाग की ओर से 21वीं पशुगणना करवाई गई, ताकि पशुगणना के माध्यम से पशुओं के आंकड़े का सही पता लगाया जा सके कि पांच वर्षों में कौन सी प्रजाति के पशुओं की संख्या में कमी और बढ़ोतरी हुई है।
पशुओं की गणना के लिए अंतिम तिथि 15 अप्रैल निर्धारित है। जिला में समय से पहले पशुगणना कर ली गई है। करीब 1790 गांवों में पशुओं की गणना की गई है।
-डॉ. सतीश वर्मा, सहायक निदेशक (परियोजना), पशुपालन विभाग हमीरपुर