नादौन (हमीरपुर)। निर्माणाधीन शिमला-कांगड़ा फोरलेन पर नादौन के कुठार गांव के समीप बनाए स्पीड ब्रेकर अब वाहन चालकों और स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गए हैं।
निर्माण में लगी कंपनी द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी करते हुए बिना चेतावनी संकेतों और रिफ्लेक्टरों के करीब दो फीट ऊंचे स्पीड ब्रेकर बना दिए गए हैं, जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है।
रात के समय और बारिश के दौरान ये स्पीड ब्रेकर वाहन चालकों के लिए और अधिक जोखिमपूर्ण साबित हो रहे हैं। अचानक सामने आने पर कई वाहन चालक संतुलन खो बैठते हैं, जिससे हादसों की आशंका बढ़ जाती है।
ग्रामीणों के अनुसार पिछले एक माह में फोरलेन के विभिन्न हिस्सों में करीब दस सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए और कुछ लोग घायल भी हुए हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि फोरलेन का उद्देश्य सुगम और सुरक्षित यातायात था, लेकिन ऊंचे स्पीड ब्रेकर इसके विपरीत परिणाम दे रहे हैं। ग्रामीणों ने निर्माण कंपनी से इन स्पीड ब्रेकरों को हटाने की मांग की है।
कोट्स
समस्या ध्यान में है। संबंधित विभाग को मौके का निरीक्षण कर समाधान के निर्देश दिए गए हैं, ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
-निशांत शर्मा, एसडीएम नादौन
फोरलेन पर बनाए गए स्पीड ब्रेकर जरूरत से ज्यादा ऊंचे हैं। कई वाहन चालक अचानक ब्रेक लगाने को मजबूर हो रहे हैं, जिससे हादसे का खतरा बढ़ गया है।
-विजेंद्र सिंह, उपप्रधान भरमोटी पंचायत
रात के समय और बरसात में स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। सड़क पार करने में डर लगता है और हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
-सूर्यादेव, ग्रामीण
फोरलेन पर सफर सुगम होना चाहिए, लेकिन यहां स्पीड ब्रेकर के कारण वाहन उछल रहे हैं। प्रशासन और निर्माण कंपनी को तुरंत इस समस्या का समाधान करना चाहिए।
-केशव गोस्वामी, वाहन चालक
-विजेंद्र सिंह,उप प्रधान भरमोटी पंचायत।
-विजेंद्र सिंह,उप प्रधान भरमोटी पंचायत।
-विजेंद्र सिंह,उप प्रधान भरमोटी पंचायत।
-विजेंद्र सिंह,उप प्रधान भरमोटी पंचायत।
-विजेंद्र सिंह,उप प्रधान भरमोटी पंचायत।