जिला मुख्यालय हमीरपुर में तेजी से बढ़ती आबादी ने शहरवासियों के साथ-साथ बिजली बोर्ड और आईपीएच महकमे की दिक्कतें बढ़ा दी हैं। नगर परिषद हमीरपुर के 11 वार्डों के जनसंख्या रिकार्ड में 19210 आबादी है और परिवार रजिस्टर में 3500 परिवार दर्ज हैं।
हालांकि, बिजली कनेक्शन साढ़े तेरह हजार हैं जबकि आईपीएच विभाग से करीब पांच हजार पेयजल कनेक्शन जारी हो चुके हैं। इन आंकड़ों के हिसाब से सरकारी महकमों का दावा है कि वर्तमान में शहर में करीब 40 हजार लोग 19 हजार की आबादी के लिए निर्मित सुविधाओं का उपभोग कर रहे हैं।
शहर में तीन से चार मंजिला भवनों में किराये में लोग रह रहे हैं। इनमें शहर के नामी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चे और उनके अभिभावक हैं। एनआईटी, होटल मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट, पॉलीटेक्निक कॉलेज में पढ़ने वाले बच्चे भी किराये के भवनों में रह रहे हैं।
सरकारी रिकार्ड में शहर की आबादी कम और हकीकत में अधिक होने से बिजली बोर्ड और आईपीएच विभाग को सुविधाएं देने में पसीने छूट रहे हैं। सर्दियों में हीटर, गीजर और गर्मियों में एसी, कूलर और पंखे चलने से बिजली की अधिक खपत हो रही है। बिजली की तारें और ट्रांसफार्मर तक जल रहे हैं।
इसी तरह पेयजल की अधिक खपत से आईपीएच को पूरी आबादी को पर्याप्त पेयजल मुहैया करवाना टेढ़ी खीर साबित हो रही है। शहरवासी राजेश शर्मा, सुशील शर्मा, अरविंद ठाकुर, राहुल शर्मा ने कहा कि नप को हाउस टैक्स तो एक ही मकान से आ रहा है, उस मकान में 10 से 15 परिवार रहने से सरकारी राजस्व को चपत लग रही है।
ज्यादा लोड से कई बार ट्रांसफार्मर और तारों में आग लगने के मामले सामने आ रहे हैं। बिजली बोर्ड को लाखों का नुकसान हो रहा है। मांग ज्यादा और आपूर्ति कम होने से परेशानी है। शहर में 13537 घरेलू एवं 3334 व्यापारिक बिजली कनेक्शन हैं।
- बलदेव चंद, एसडीओ, बिजली बोर्ड हमीरपुर
शहर में 4955 पेयजल कनेक्शन हैं। एक ही मकान में 10 से 15 परिवार किराये में रह रहे हैं। पेयजल की मांग अधिक होने के बावजूद हर परिवार में 120 लीटर प्रति व्यक्ति पानी मुहैया करवाया जा रहा है।
- राजेश धीमान, एसडीओ, आईपीएच, हमीरपुर
नगर परिषद के रिकार्ड के मुताबिक शहर में 3500 परिवार दर्ज हैं। शहर में 19210 के करीब आबादी है।
- बुद्धि सिंह, अधीक्षक, नगर परिषद, हमीरपुर