hamirpur nagar parishad .. one nomination cancel
हमीरपुर। नगर परिषद हमीरपुर के चुनाव के लिए प्राप्त हुए नामांकन पत्रों की मंगलवार को छंटनी की गई। इस दौरान वार्ड नंबर चार से राजेंद्रपाल सिंह का नामांकन रद्द कर दिया गया। राजेंद्र पाल सिंह ग्राम पंचायत अणु कलां के रहने वाले हैं और हमीरपुर नगर परिषद की मतदाता सूची में उनका नाम शामिल नहीं है और न ही उनके नामांकन में शहर से किसी प्रस्तावक का नाम पाया गया। जिसके चलते उन्हें निर्वाचन अधिकारी ने अयोग्य ठहराया है।
इसके साथ ही वार्ड नंबर पांच से कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी राधा रानी के नामांकन को निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय में चुनौती दी गई है। एसडीएम के पास दिए शिकायतपत्र में आरोप है कि वह वर्ष 2011 से 2015 के बीच इसी वार्ड से पार्षद रहीं हैं और उनके कार्यकाल में उनके परिवार के एक व्यक्ति ने नगर परिषद में ठेकेदारी की है। जिसकी शिकायत के बाद पुलिस ने विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर छानबीन के बाद हमीरपुर न्यायालय में चालान पेश किया है। जबकि भाजपा प्रत्याशी नेहा कुमारी के खिलाफ भी एसडीएम के पास शिकायत दी गई है।
आरोप है कि नेहा कुमारी के ससुर ने एक सुधार सभा के नाम से संस्था बनाई है, जिसके वह प्रधान हैं। संस्था के नाम पर सरकारी जमीन लीज पर ली गई, लेकिन लीज के पैसों का भुगतान नहीं किया गया। इन दोनों आपत्तियों पर एसडीएम कार्यालय में बुधवार को सुनवाई के बाद फैसला आना है। जिस पर पूरे शहर की नजरें लगी हैं। क्योंकि अगर दोनों प्रत्याशियों का नामांकन रद्द होता है तो इस वार्ड से कोई भी पार्षद नहीं होगा, चूंकि इस वार्ड से महज दो ही नामांकन भरे गए हैं। बेशक पुलिस की जांच में आरोप सिद्ध हो चुके हैं लेकिन, दूसरा पहलू यह भी यह है कि इन दोनों प्रत्याशियों के मामले में न्यायालय से कोई सजा का फैसला नहीं आया है। जिससे वह दोषी साबित होते हों। खैर इन दोनों आपत्तियों पर फैसला मंगलवार को हमीरपुर एसडीएम एवं निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय से आना है।
बयान-
वार्ड नंबर पांच से कांग्रेस प्रत्याशी राधा रानी के खिलाफ पूर्व में उनके पार्षद रहते हुए परिवार के एक सदस्य ने नगर परिषद में ठेकेदारी की है। पुलिस में केस दर्ज होने के बाद यह मामला न्यायालय में है। वहीं, भाजपा प्रत्याशी नेहा कुमारी के ससुर पर सरकारी जमीन संस्था के नाम हासिल करने के बाद सरकारी खजाने में लीज मनी जमा नहीं करवाने के आरोपों सहित आपत्ति प्राप्त हुई है। मंगलवार तक दोनों पक्षों से जवाब मांगा गया है, जिसके बाद फैसला सुनाया जाएगा।
-डॉ. चिरंजी लाल चौहान, एसडीएम एवं निर्वाचन अधिकारी हमीरपुर।