कृषि विभाग के सचिव ने सेरा में आयोजित किसान मेले में दी जानकारी
कहा- हिमाचल प्रदेश में दो लाख किसान प्राकृतिक खेती से जुड़े
संंवाद न्यूज एजेंसी
धनेटा/नादौन(हमीरपुर)। आत्मा परियोजना की ओर से मंगलवार को सेरा के विश्राम गृह में किसान मेले का आयोजन किया गया। मेले में कृषि और बागवानी विभाग के सचिव सी पालरासू बतौर मुख्यातिथि उपस्थित हुए।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार प्राकृतिक खेती को बड़े पैमाने पर प्रेरित एवं प्रोत्साहित कर रही है और इस विधि से पैदा की गई फसलों को रासायनिक खादों एवं कीटनाशकों के प्रयोग से उगाई गई फसलों के मुकाबले ज्यादा दाम दे रही है। प्राकृतिक खेती से तैयार मक्की 30 रुपये और गेहूं 40 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदी जा रही है। प्रदेश सरकार ने लगभग 4000 क्विंटल मक्की की खरीद की है, जिससे किसानों को अच्छी आय हुई है।
प्रदेश में अभी तक लगभग दो लाख किसान रासायनिक खाद और जहरीले कीटनाशकों को छोड़कर प्राकृतिक खेती को अपना चुके हैं और प्रदेश की लगभग 36 हजार हेक्टेयर भूमि पर प्राकृतिक खेती की जा रही है। प्राकृतिक खेती के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। दूध के दामों में भी भारी वृद्धि की गई है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्राकृतिक खेती, खुशहाल किसान योजना के तहत हर विधानसभा क्षेत्र में किसान मेलों के आयोजन के निर्देश दिए हैं, ताकि अधिक से अधिक लोगों तक इसका लाभ पहुंच सके। उन्होंने सभी किसानों से आग्रह किया कि वे प्राकृतिक खेती के लिए अपना पंजीकरण करवाएं।
इससे पहले आत्मा के परियोजना निदेशक डॉ. नितिन शर्मा, उपपरियोजना निदेशक डॉ. राजेश कुमार और डॉ. राकेश धीमान ने मुख्य अतिथि, अन्य अतिथियों तथा किसानों का स्वागत किया और जिला हमीरपुर में प्राकृतिक खेती की उपलब्धियों की जानकारी दी।
वहीं, मेले में राज्य परियोजना निदेशक हेमिस नेगी, जाइका के परियोजना निदेशक डॉ. सुनील चौहान, एपीएमसी के अध्यक्ष अजय शर्मा, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष कैप्टन पृथ्वी चंद, जिला परिषद सदस्य संजय कुमार, जाइका के वरिष्ठ सलाहकार बलजीत संधू सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।