ताल(हमीरपुर)। जिला के सुप्रसिद्ध, प्राचीन एवं ऐतिहासिक आठ दिवसीय गसोता मेले का सोमवार को आगाज हुआ। मेले में एडीसी हमीरपुर अभिषेक कुमार गर्ग बतौर मुख्यातिथि जबकि बीडीओ हमीरपुर हिमांशी, नायब तहसीलदार भावना शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। मुख्यातिथि एवं वशिष्ट अतिथियों ने सर्वप्रथम गसोता महादेव मंदिर में अपना शीश नवाया। मंदिर महंत राघवानंद जी महाराज ने मंत्रोच्चारण कर विधिवत, पारंपरिक पूजन करवाया पूजा अर्चना के उपरांत पंचायत प्रतिनिधियों व अन्य लोगों स्वागत व अभिनंदन किया।
मुख्यातिथि ने खूंटा गाढ़कर विधिवत मेले का उद्घाटन किया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बोहणी, सरस्वती विद्या मंदिर स्कूल की छात्राओं ने स्वागत गान व सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। गसोता पंचायत प्रधान सुमन पठानिया ने मुख्यातिथि को पुष्प गुच्छ भेंट, टोपी शाल और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने गसोता मेले के इतिहास पर भी प्रकाश डाला। मुख्यातिथि ने कहा कि मेले व पशु मेले अपने हुनर को प्रस्तुत करने का सुनहर अवसर प्रदान करते हैं। मेले में बच्चों को अपनी कला दिखाने को मंच मिलता है। मेले ज्ञान सरक्षण, आर्थिक स्थिति को मजबूत करने, लोकल उत्पाद की बिक्री का भी जरिया होते हैं। मेले में स्थानीय कलाकारों और दुकानदारों ने विभिन्न उत्पादों की प्रर्दशनियां लगाई। इस मौके पर मंदिर कमेटी के प्रधान दुनी चंद, सचिव प्रकाश पटियाल, उप प्रधान कृपाल पठानिया, सचिव जगदेव शर्मा , राजेन्द्रपाल, तकनीकी सहायक विकास ठाकुर, प्रीतम, वार्ड सदस्य व अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।