हमीरपुर। नगर परिषद हमीरपुर के अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के लिए हाईकोर्ट के आदेशों पर प्रशासन ने 26 दिसंबर को चर्चा के लिए बैठक बुलाई है। ऐसे में अब अध्यक्ष पद की कुर्सी के लिए अंदरखाते पार्षदों में जोड़-तोड़ शुरू हो गई है।
भाजपा नगर परिषद हमीरपुर में शुरू से ही बहुमत में रही है, लेकिन प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के दौरान भाजपा समर्थित अध्यक्ष मनोज मिन्हास के पाला बदलने से कांग्रेस सरकार ने भाजपा को झटका दिया था। अब ताजा समीकरणों में भाजपा के पास सात और कांग्रेस की विचारधारा के चार पार्षद हैं। अध्यक्ष और एक पार्षद ने भाजपा को छोड़ कांग्रेस का दामन जरूर थामा है, लेकिन यहां पर भाजपा अभी आंकड़ों में भारी है।
इस साल मार्च में 11 में से दस पार्षदों ने नप अध्यक्ष मनोज मिन्हास के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया था। इसमें भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों से समर्थित पार्षद शामिल थे। लोकसभा और विधानसभा चुनावों का इस बीच बिगुल बज गया। इस बीच भाजपा समर्थित नप हमीरपुर अध्यक्ष मनोज मिन्हास कांग्रेस का दामन थामकर अपनी कुर्सी को बचाने में कामयाब रहे। अविश्वास प्रस्ताव पर भाजपा और कांग्रेस की जिला प्रशासन के समक्ष खूब परेड हुई और मामला आखिर में हाइकोर्ट में पहुंच गया। अब अध्यक्ष पद पर भाजपा का पलड़ा भारी नजर आ रहा है, जबकि उपाध्यक्ष पद पर भाजपा समर्थित पार्षद संदीप भारद्वाज पहले ही आसीन हैं। ऐसे में एक बार फिर भाजपा के पास सीएम सुक्खू के गृह जिला के सबसे बड़े नगर निकाय में अपना परचम लहराने का मौका है। वहीं, कांग्रेस को इस सीट को बचाने की चुनौती रहेगी।
पार्षद मार्च 2024 में लाए अविश्वास प्रस्ताव
पहली मार्च 2024 को नगर परिषद हमीरपुर के 11 में से 10 पार्षदों ने नगर परिषद अध्यक्ष मनोज कुमार मिन्हास के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया था। इस अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा होने से पहले लोकसभा चुनाव के चलते आचार संहिता लग गई। आचार संहिता हटने के बाद कुछ पार्षदों ने इस अविश्वास प्रस्ताव को वापस लेने को लेकर डीसी से मुलाकात की। एक ही दिन में पार्षदों के दो समूह डीसी हमीरपुर अमरजीत सिंह से मिले थे। सुबह एक समूह ने अविश्वास प्रस्ताव वापस लेने की बात कही, जबकि दोपहर बाद दूसरे समूह ने अविश्वास प्रस्ताव को दोहराया। मामले में प्रशासन की ओर से कानूनी राय लेने के बाद अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के लिए बैठक नहीं बुलाई गई। इसके बाद भाजपा समर्थित कुछ पार्षदों ने हाईकोर्ट का रुख किया था।
कोट
26 दिसंबर को नगर परिषद हमीरपुर की बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में अध्यक्ष पद के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा होगी।
संजीत सिंह, एसडीएम, हमीरपुर