हमीपुर। दिल्ली में बढ़े हुए प्रदूषण के चलते ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) चार की पाबंदियां लागू कर दी हैं। वहां पर केवल इलेक्ट्रिक, सीएनजी या बीएस-6 टाइप की बसें ही प्रवेश कर सकती हैं। इस समस्या के कारण एचआरटीसी को रूट क्लब करने पड़े हैं। वहीं ट्रक मालिक भी अपने ट्रकों को दिल्ली में प्रवेश नहीं करवा पा रहे हैं।
ट्रक मालिक सामान को कुंडली बॉर्डर पर छोड़ रहे हैं। कुंडली बॉर्डर से अन्य वाहन के माध्यम से सामान को निर्धारित स्थान पर पहुंचाए जा रहे हैं। हालांकि हमीरपुर में टैक्सियों पर इस निर्णय का कोई प्रभाव नहीं पड़ा है। एचआरटीसी हमीरपुर डिपो से भी एक वोल्वो रूट का क्लब किया गया जबकि एक नई बीएस-6 डीलक्स भेजी गई है।
साढ़े 6 बजे चलने वाली डीलक्स बस बीएस-4 गाड़ी की जगह बीएस-6 गाड़ी लगा दी गई है। रात आठ बजे बसस्टैंड हमीरपुर से चलने वाली हमीरपुर डिपो की एक बीएस 4 वोल्वो बस शिमला डिपो की बस रूट के साथ मर्ज किया गया है। शिमला डिपो की यह बस हमीरपुर दिल्ली वाया ऊना चलती थी जिसे अब वाया फोरलेन भगेड़ होते हुए दिल्ली आठ बजे भेजा जा रहा है।
शिमला डिपो ही इस रूट को संचालित कर रहा है। हमीरपुर डिपो से दिल्ली के लिए नौ रूट चल रहे जिसमें से एक रूट को शिमला के साथ क्लब किया गया है। एचआरटीसी मंडल हमीरपुर के डीएम राजकुमार पाठक ने कहा कि एक वोल्वो बस का रूट क्लब किया है, जबकि एक बीएस-4 डीलक्स की बीएस-6 डीलक्स बस चलाई गई है।
कुंडली बॉर्डर पर छोड़ा सामान : सुरजीत
ट्रक ड्राइवर सुरजीत ने कहा कि वह कुछ दिन पहले दिल्ली की ओर कुछ सामान लेकर गया था। कुंडली बॉर्डर से वह आगे नहीं बढ़ पाया। उसने सामान बॉर्डर पर रख दिया। यहां से अन्य वाहन के माध्यम से सामान आगे पहुंचाया गया।
टैक्सियां नहीं हुईं प्रभावित : जिंदल
वीर भूमि टैक्सी यूनियन हमीरपुर के उपप्रधान जिंदल ने कहा कि टैक्सियां इस निर्णय से प्रभावित नहीं हुई हैं। दिल्ली के लिए टैक्सियों की बुकिंग में कोई इजाफा नहीं हुआ है।