सुजानपुर (हमीरपुर)। 26 सितंबर से पितृ पक्ष के चलते शुभ कार्यों पर विराम लग जाएगा। इसके बाद शुक्र अस्त होने के कारण नवरात्रों में भी मांगलिक आयोजनों के लिए मुहूर्त नहीं मिलेंगे।
सुजानपुर के प्रसिद्ध राजपुरोहित आशुतोष शर्मा ने बताया कि आमतौर पर पितृ पक्ष समाप्त होने के बाद शारदीय नवरात्र के साथ शुभ कार्यों की शुरुआत हो जाती है, लेकिन इस वर्ष ऐसा नहीं होगा। शारदीय नवरात्र के दौरान भी शुक्र अस्त रहेगा।
12 अक्टूबर को शुक्र अस्त हो जाएगा, जिसके कारण मांगलिक आयोजनों पर लगी रोक नवरात्रों में भी जारी रहेगी। उन्होंने बताया कि 28 अक्टूबर को शुक्र का दोबारा उदय होगा। शुक्र के उदय और अस्त होने के तीन दिन पहले और तीन दिन बाद तक शुभ कार्य और मांगलिक अनुष्ठान वर्जित माने जाते हैं।
ऐसे में 28 अक्टूबर को शुक्र उदय होने के बाद तीन दिन तक, यानी एक नवंबर तक शुभ कार्य नहीं किए जा सकेंगे। इसके बाद गृह-नक्षत्रों की स्थिति अनुकूल होने पर दो नवंबर से मांगलिक कार्यों की शुरुआत होगी और शहनाइयां बजेंगी।