हमीरपुर। जिला एवं सत्र न्यायालय हमीरपुर ने पत्नी को दहेज के लिए प्रताड़ित करने और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में दोषी पति को सात साल के कठोर कारावास और दस हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। न्यायाधीश पदम सिंह की अदालत ने दोषी को भादंसं की धारा 304 व धारा 306 में सात-सात साल के कठोर कारावास और 5-5 हजार रुपये जुर्माना भरने का फैसला सुनाया है। जुर्माना न भरने के एवज में दोषी को छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
जिला न्यायवादी चंद्रशेखर भाटिया ने केस की पैरवी करते हुए बताया कि 4 अप्रैल 2016 को रतन चंद पुत्र सोहण राम निवासी गांव टिक्कर खरवाड़ियां तहसील भोरंज ने पुलिस थाना भोरंज में अपने दामाद के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायतकर्ता ने पुलिस में दिए बयान में कहा कि 20 सितंबर 2015 को उसकी बेटी सरोज बाला की शादी सुनील कुमार के साथ हुई थी। शादी के बाद से उसका दामाद बेटी को दहेज के लिए प्रताड़ित करता था और कहता था कि उसे यह लड़की पसंद नहीं है। सुनील कुमार आए दिन तलाक की बात करता था। जिससे तंग आकर उसकी बेटी ने फंदा लगाकार आत्महत्या कर ली। मौके पर सुसाइड नोट भी मिला था, जिसमें युवती ने अपने पति के खिलाफ प्रताड़ना की बात लिखी हुई थी। इस पर पुलिस थाना भोरंज में मामला दर्ज हुआ। जिसकी तफ्तीश एसआई अवतार सिंह और मुकदमे की पैरवी जिला न्यायवादी चंद्रशेखर भाटिया ने की।