हमीरपुर। न कोई भारी बारिश और न तूफान लेकिन, हल्की बूंदाबांदी में ही बिजली बोर्ड की बत्ती गुल हो गई। जिला मुख्यालय में बुधवार दोपहर को करीब तीन घंटे बिजली गुल रही। सीजन की पहली बारिश के दौरान ही बिजली बोर्ड की पोल खुल गई है। बोर्ड बिजली लाइनों की रखरखाव एवं मरम्मत के लिए हर माह में एक से दो बार बिजली आपूर्ति बंद रखता है, इसके बावजूद पहली ही बारिश में बिजली लाइनों में खराबी आने के कारण आपूर्ति बाधित हो गई। तीन घंटे तक जिला मुख्यालय में बिजली न होने के कारण लोग परेशान हो गए। कार्यालयों, घरों-दुकानों में चल रहे हीटर, गीजर, कंप्यूटर आदि इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बंद हो गए। इस कारण कार्यालयों का कार्य प्रभावित हुआ। वहीं दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में भी कारोबार प्रभावित हुआ।
सर्दियों की पहली बारिश के कारण तापमान में गिरावट होने के कारण ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। बारिश के चलते कई लोग घरों में ही दुबके रहे। जबकि बाजार आने वाले लोग पहले से ज्यादा गर्म कपड़ों में दिखे। बुधवार को हुई बारिश गेहूं की फसल के लिए वरदान मानी जा रही है। इससे कहीं न कहीं बीजी गई गेहूं की फसल पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। बुधवार को बिजली गुल हो जाने के बाद लोग, दुकानदार आग सेंकते नजर आए। जबकि गृहिणियां बहुत कम तादाद में बाजार में दिखीं। ठंड के चलते अधिकतर महिलाएं घरों में ही दुबकी रहीं। इसके अलावा चाय और मूंगफली की दुकानों में लोगों की भीड़ रही। इस संबंध में बिजली उपमंडल हमीरपुर के कनिष्ठ अभियंता अंकुश का कहना है कि दोपहर को पूल्ड कॉलोनी हमीरपुर के साथ स्थापित ट्रांसफार्मर में तकनीकी खराबी आने के कारण बिजली आपूर्ति प्रभावित रही। उन्होंने कहा कि खराबी को सही कर बिजली बहाल कर दी गई।