भोरंज (हमीरपुर)। उपमंडल भोरंज के तहत खतरवाड़ कस्बे से शराब ठेके को हटाने को लेकर सोमवार को ग्राम पंचायत टिक्करी मिन्हासा के महिला मंडल खतरवाड़ मैरा ने चक्का जाम कर नारेबाजी की। इसके चलते सुबह 9 बजे से लेकर 10 बजे तक सड़क पर वाहनों की आवाजाही बंद रही। वाहनों की आवाजाही बंद होने से स्कूल व आईटीआई जाने वालों छात्रों और ड्यूटी पर जाने वाले लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
महिलाओं को शांत करवाने के लिए मौके पर एसडीएम भोरंज राहुल चौहान पहुंचे। उन्होंने महिलाओं को समझाया, इसके बाद वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई। महिलाओं ने कहा कि रिहायशी आबादी के बीच में ठेका खोला गया है। आए दिन शराबी यहां पर खूब शोरशराबा करते हैं। उन्होंने कहा कि कई बार दिन में शराब पीकर आपस में झगड़ पड़ते हैं और गांव की महिलाओं के साथ भी बदसलूकी करते हैं। इससे गांव का माहौल खराब हो गया है। महिलाओं ने कहा कि ठेके से 10 मीटर की दूरी पर गांव का मंदिर भी है। गांव की महिलाओं का मंदिर में आना-जाना मुश्किल हो गया है।
उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले ही रात के समय तीन-चार लड़क ठेके के सामने शराब पीकर हुड़दंगबाजी कर रहे थे। जब मकान मालिक ने उन्हें ऐसा करने से रोका तो उन्होंने मारपीट शुरू कर दी। करीब दो वर्षों से शराब के कारण गांव में चार मौतें हो चुकी हैं।
इस मौके पर सुरेखा देवी, सुमना, सुदेश, मीरा, पूनम, लीला देवी, जोगिंद्र, प्रेमी, कैलाशो देवी, प्रमिला देवी, आशा देवी, अमरती देवी, सीमा देवी, शीला देवी, कमला देवी, शांता देवी, अंजना देवी, पुष्प लता, मीरा, रीना, बिमला, बिंदू, नीरज कुमारी, प्रवीन कुमारी और पुष्पा देवी आदि मौजूद रहीं। महिलाओं ने उपायुक्त से मांग उठाई कि शराब के ठेके को बंद किया जाए या ठेके को किसी और स्थान पर स्थानांतरित किया जाए, ताकि गांव के लोग राहत की सांस ले सकें।
उधर, एसडीएम भोरंज राहुल चौहान ने कहा कि वह मौके पर गए थे। महिलाओं को समझा कर यातायात को खुलवाया गया। हमीरपुर से एक्साइज की टीम को मौके पर बुलाया गया है।