हमीरपुर। रानीताल-शिमला नेशनल हाईवे के तहत आते क्षेत्र पक्का भरो, रंगस पर टारिंग का कार्य शुरू हो गया है। अब शीघ्र ही इस मार्ग पर चलने वाले वाहन चालकों को हिचकोले नहीं खाने पड़ेंगे। वर्तमान में इस सड़क पर गड्ढे होने के चलते वाहन चालकों को परेशानी होती है। इस मार्ग के विस्तारीकरण और टारिंग का कार्य बीते ढाई साल से लटका हुआ था। कार्य में देरी होने पर एनएच विभाग ने संबंधित कंपनी का टेंडर रद्द कर दिया था। इसके साथ ही कंपनी की करीब साढ़े छह लाख रुपये की सिक्योरिटी राशि भी जब्त कर ली थी।
कार्रवाई के बाद संबंधित कंपनी ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। कंपनी ने तर्क दिया कि एनएच के विस्तारीकरण में देरी विभागीय देन है। चूंकि सड़क किनारे के पेड़ों का कटान विभाग ने वन विभाग की मंजूरी के बाद करवाना था। समय पर पेड़ न कटने की वजह से विस्तारीकरण और टारिंग के कार्य में देरी हुई। न्यायालय ने कंपनी के पक्ष में फैसला सुनाया और एनएच विभाग को टेंडर बहाल करने के आदेश दिए। कोर्ट के आदेशों के बाद एनएच विभाग ने कंपनी को दोबारा टारिंग का कार्य सौंप दिया है। वहीं कंपनी ने अब रंगस के समीप मंडप से लेकर पक्का भरो तक टारिंग का कार्य शुरू कर दिया है। उधर, एनएच विभाग के एक्सईएन जगदीश कानूनगो ने कहा कि कोर्ट के आदेश के बाद कंपनी को कार्य सौंप दिया है। कंपनी ने टारिंग का कार्य शुरू कर दिया है।