अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर। हिमाचल राजकीय अध्यापक संघ ने शिक्षक स्थानांतरण अधिनियम 2018 के मौजूदा स्वरूप का जोरदार विरोध किया है। संघ के राज्य प्रेस सचिव राजेश गौतम ने कहा कि प्रदेश सरकार अगर स्थानांतरण अधिनियम बनाना ही चाहती है तो वह सभी विभागों के कर्मचारियों और अधिकारियों को इसके दायरे में लाए। उन्होंने कहा तब यह एक स्वागत योग्य कदम होगा।
संघ ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि 15 वर्ष से कार्यरत कंप्यूटर शिक्षकों के लिए नीति बनाई जाए। सभी अध्यापकों को अनुबंध पर प्रथम नियुक्ति तिथि से वरिष्ठता प्रदान करें। नई पेंशन प्रणाली को शीघ्र बंद किया जाए और पुरानी पेंशन योजना को बहाल किया जाए। कर्मचारियों की पदोन्नति पर नई ग्रेड पे दो वर्ष बाद देने की शर्त हटाई जाए। सभी खाली मुख्याध्यापकों और प्रधानाचार्योें के पदों को शीघ्र भरा जाए। सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाने के लिए नए निजी स्कूलों को मान्यता प्रदान करना बंद करने की मांग की है। संघ ने प्रदेश सरकार द्वारा नियमित कर्मचारियों को जुलाई 2017 से चार फीसदी आईआर देने की घोषणा और अनुबंध कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी करने के फैसले का स्वागत किया है।