बड़सर (हमीरपुर)। स्थानीय उपमंडल के तहत सठवीं पंचायत के गांव बग्गी में लोक निर्माण विभाग की लापरवाही से सरकारी सीमेंट की 200 बोरियां स्टोर में ही खराब हो गई हैं। इस सीमेंट की बाजार कीमत करीब 70 हजार रुपये से ऊपर बताई जा रही है। यह सीमेंट महारल, धंगोटा सड़क पर पेवर टाइलें बिछाने और अन्य विकास कार्यों के लिए आया है। विभाग ने छह माह पहले ठेकेदार को सीमेंट जारी कर दिया था लेकिन छह माह बाद भी सीमेंट का इस्तेमाल नहीं हुआ और स्टोर में रखी सीमेंट की बोरियां जाम हो गई हैं। अब लोनिवि के अधिकारी सीधा जवाब देने की बजाय एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं। ग्रामीणों ने विभाग और ठेकेदार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं और इस बारे जांच व कार्रवाई करने की मांग की है।
महारल से धंगोटा सड़क में सठवीं पंचायत के गांव टिहरी के पास पेवर टाइलें लगाने का कार्य किया जाना है। विभाग के मुताबिक छह माह पहले पेवर टाइलें लगाने के लिए ठेकेदार को सीमेंट जारी किया गया था। जिसे ठेकेदार ने सठवीं पंचायत के गांव बग्गी में एक स्टोर में रखा हुआ है, लेकिन ठेकेदार ने छह माह से इस सीमेंट का इस्तेमाल नहीं किया है। इस कारण स्टोर में रखा हुआ सारा सीमेंट जाम हो गया है। स्थानीय लोगों से जानकारी मिलने पर विभाग अब लीपापोती में जुट गया है और खराब सीमेंट को इस्तेमाल करने के प्रयास में है। इस पर ग्रामीणों ने कड़ा एतराज जताया है और सीमेंट की जांच करने की मांग की है। ग्रामीणों कर्म सिंह, सुरजीत, दलजीत, राजीव, विपिन, सुरेंद्र और अजय का कहना है कि विभाग और ठेकेदार की लापरवाही से लगभग 200 बोरी सरकारी सीमेंट खराब हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग ने अगर ठेकेदार को सीमेंट जारी कर दिया था तो समय पर इसका इस्तेमाल कर लेना चाहिए था। उन्होंने कहा कि ग्रामीण खराब सीमेंट के इस्तेमाल करने पर विरोध करेंगे।
पेवर टाइलें लगाने के कार्य में विलंब
लोक निर्माण विभाग बड़सर के सहायक अभियंता अरविंद लखनपाल का कहना है कि पेवर टाइलें लगाने के कार्य में विलंब होने से सीमेंट का इस्तेमाल नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि खराब सीमेंट को इस्तेमाल नहीं किया जाएगा और संबंधित जेई को निरीक्षण कर रिपोर्ट लाने को कहा गया है। वहीं अधिशासी अभियंता संतोष कटोच का कहना है कि उन्हें अभी इस बारे में जानकारी मिली है। उन्होंने एसडीओ को निरीक्षण करने और रिपोर्ट लाने के निर्देश दे दिए हैं। उन्होंने रिपोर्ट मिलने के उपरांत ही कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।