राजेश अग्निहोत्री
बड़सर (हमीरपुर)।
बड़सर उपमंडल के स्वास्थ्य उप केंद्रों में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के लगभग दो दर्जन पद लंबे समय से खाली चल रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की कमी से स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। क्षेत्र के ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों को भरने की मांग की है।
बड़सर उपमंडल में तीस स्वास्थ्य उप केंद्र हैं। प्रत्येक केंद्र में एक पुरुष व एक महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता नियुक्त होता है। स्वास्थ्य कार्यकर्ता गर्भवती महिलाओं तथा बच्चों को टीकाकरण व दवाइयां के अलावा अन्य स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं जुटाते हैं। इसके साथ ही स्वास्थ्य संबंधी सरकार की योजनाओं के बारे में लोगों को जानकारी देते हैं। उपमंडल के तीस स्वास्थ्य उप केंद्रों में 22 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के पद खाली हैं। इनमें से चार स्वास्थ्य उप केंद्र ज्योली देवी, नयन, कठियाणा तथा वैरी में पुरुष व महिला दोनों कार्यकर्ताओं के पद खाली हैं। 16 उप केंद्रों पथलयार, बडडू, धबडिय़ाणा, बणी, कनोह, टिप्पर, बल्याह, उसनाड़ कलां, समोह, ब्याड़, दैण, बल्हबिहाल,नैण, जमली तथा जजरी में पुरुष स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के पद रिक्त हैं। वहीं, दो स्वास्थ्य उप केंद्र लोहारड़ा व धंगोटा में महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता के पद रिक्त हैं।
क्षेत्रवासी सुरेंद्र कुमार, नरेश कुमार, कमल कुमार, राजेंद्र कुमार, सुरजीत कुमार, दीपक कुमार, मनजीत, विशाल, विपिन, संजय, कुलदीप, रमेश और संजीव का कहना है कि स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों के कारण गांवों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। उन्होंने सरकार से मांग की है कि स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों को जल्द भरा जाए।
इस बारे में बीएमओ बड़सर एचआर कालिया का कहना है कि स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों के बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत करवा दिया है। जिन स्वास्थ्य केंद्रों में दोनों पद रिक्त हैं, उनमें नजदीक के केंद्र के स्वास्थ्य कार्यकर्ता को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।