हमीरपुर। उपायुक्त हरिकेश मीणा ने शुक्रवार को खंड विकास अधिकारियों के साथ जिला में जारी ग्रामीण विकास कार्यक्रमों की समीक्षा के लिए आयोजित बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि सभी खंड विकास अधिकारी पंचायत स्तर पर चल रहे विकास कार्यों का निरंतर निरीक्षण कर इनकी गुणवत्ता पर भी नजर रखें। ग्रामीण क्षेत्रों में भूमि और जल संरक्षण की दिशा में कार्य करने को प्राथमिकता प्रदान करें। इसके लिए पंचायत स्तर पर लोगों को वाटर हार्वेस्टिंग टैंक तथा चेक डैम निर्मित करने के लिए प्रेरित करें। इस तरह के जल भंडारण टैंक व्यक्तिगत और सामूहिक दोनों तरह से निर्मित किए जा सकते हैं और इसके लिए धन की समुचित व्यवस्था का भी प्रावधान है।
जल भंडारण टैंकों के समीप भूमि पर फलदार और अन्य किस्म के पौधे लगाने के लिए भी लोगों को प्रेरित करें। इस तरह के पौधरोपण कार्यों में उद्यान और वन विभाग का भी सहयोग लें। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत जिले की तीन पंचायतों को आदर्श पंचायत के रूप में विकसित किया जाएगा और इसके लिए कार्य योजना भी तैयार कर ली गई है। इनमें विकास खंड सुजानपुर की टिहरा, बिझड़ी की कलवाल तथा नादौन की कमलाह पंचायत शामिल है। इसी तरह आगामी 2 अक्तूबर, 2019 तक जिले की 35 पंचायतों को शून्य कचरा पंचायत के रूप में विकसित किया जाएगा। इन सभी पंचायतों में कूड़ा-कचरा एकत्र कर इसके उचित निस्तारण की व्यवस्था पर कार्य करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय आजीविका मिशन (ग्रामीण), प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), मुख्यमंत्री आदर्श ग्राम योजना, मुख्यमंत्री लोक भवन योजना, मातृ शक्ति बीमा योजना, पंचायतीराज विभाग से जुड़े प्रिया सॉफ्ट, ई-परिवार इत्यादि पर भी विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त रतन गौतम, उप निदेशक एवं परियोजना अधिकारी, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण केडी कंवर, जिला पंचायत अधिकारी रमेश चंद सहित सभी खंड विकास अधिकारी व अन्य उपस्थित रहे।