हमीरपुर। एक महीने की भीषण गर्मी के बाद शुक्रवार दोपहर को मेघ राहत के बजाय आफत बनकर बरसे। तेज हवाओं, तूफान और बारिश के कारण जिला में सात से अधिक मकानों और एक स्कूल को भारी नुकसान पहुुंचा। वहीं हमीरपुर-नादौन एनएच जोलसप्पड़ के नजदीक पेड़ गिरने से करीब ढाई घंटे यातायात बाधित रहा। इस दौरान शिमला से धर्मशाला आने जाने वाले वाहन जाम में फंसे रहे। जगह-जगह मकानों पर जहां पेड़ गिरने से दरारें आईं। वहीं रावमापा लदरौर स्कूल की छत उड़ गई। गलोड़ के तहत आते गांव भदेरी में मकान पर बिजली का खंभा गिर गया। बिजली बोर्ड को यहां बिजली आपूर्ति बंद करनी पड़ी। जिला में आम और लीची की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है।
रंगस के साथ लगते पुतड़ियाल के गांव रक्कड़ में राज कुमार पुत्र किशन चंद के मकान पर बिजली गिरी, गांव घन्यारा निवासी जोगिंद्र सिंह पुत्र शंकर दास के मान पर आम का पेड़ गिरा। बलडूहक में देवराज पुत्र रामलोक के मकान पर बरगद का पेड़ गिर गया। इसके अलावा हमीरपुर के वार्ड नंबर एक हीरानगर में रिटायर्ड कर्नल भारद्वाज के मकान पर पेड़ गिर गया। उपमंडल बड़सर की ग्राम पंचायत घंघोट के टकयानी गांव में अशोक कुमार के मकान पर चीड़ के दो पेड़ गिर गए। तूफान के दौरान घर के सदस्य घर के अंदर ही थे। मकान का लेंटर क्षतिग्रस्त हो गया।
सकरोह पंचायत के बुढान गांव में भी देशराज के मकान की छत तूफान के कारण उड़ गई। बिझड़ी बाजार में की दुकानों के होर्डिंग अपनी जगह से उखड़ कर दूर जा गिरे। जिससे दुकानदारों को खूब भागदौड़ करनी पड़ी। बडसर के मैहरे में तूफान से एक ट्रक व कार पर चीड़ का पेड़ गिर गया। सड़कों पर पेड़ गिरने से बिझड़ी मैहरे-मैहरे जोड़े अंब सड़क मार्ग भी कुछ देर तक बाधित रहा। बिजली बोर्ड के दर्जनों बिजली के खंभे तूफान के कारण टूट चुके हैं।
हमीरपुर बड़सर मेन लाइन और ऊना-बड़सर लाइन के अलावा 33 केवी लाइनें भी तूफान की चपेट में आ चुकी हैं। करीब 20 बिजली खंभों के टूटने के कारण उपमंडल बड़सर के ज्यादातर इलाके तूफान के कारण अंधेरे में हैं। उधर, बड़सर बिजली बोर्ड अधिशासी अभियंता सुरेश पटियाल के अनुसार विभाग के कर्मचारी विद्युत आपूर्ति बहाल करने के लिए खराब मौसम में भी काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि शाम तक ज्यादा से ज्यादा इलाकों में विद्युत आपूर्ति बहाल करने की कोशिश की जाएगी। उधर, अतिरिक्त उपायुक्त हमीरपुर रतन गौतम ने कहा कि उन्होंने जिला के समस्त एसडीएम को मौके पर जाकर राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लेने और नुकसान की रिपोर्ट भेजने के आदेश दे दिए हैं।