हमीरपुर। पुलिस थाना सदर के तहत बजूरी रिड़ा गांव में बीते शुक्रवार को नवविवाहिता की आत्महत्या मामले में मायके पक्ष ने आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया है। सोमवार को मायके पक्ष की ओर से करीब चार दर्जन ग्रामीणों ने हमीरपुर थाने का घेराव कर रोष जताया। मायके पक्ष का आरोप है कि ससुराल पक्ष उनकी बेटी को दहेज के लिए प्रताड़ित करता था। वहीं बेटी की आत्महत्या पर पुलिस ने भी ससुराल पक्ष के खिलाफ केस दर्ज नहीं किया। इसके विरोध में लोगों ने थाने का घेराव किया और ससुराल पक्ष के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। पुलिस ने मामला दर्जकर छानबीन आरंभ कर दी है। इससे पूर्व पुलिस अभी तक सीआरपीसी की धारा 174 के तहत कार्रवाई कर रही थी।
बीते शुक्रवार को शिवानी (26) निवासी बजूरी रिड़ा फंदे से झूल गई। परिजन उसे मेडिकल कॉलेज हमीरपुर ले आए। जहां पर चिकित्सकों ने महिला को मौके पर मृत घोषित किया और पुलिस को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लकर टांडा में उसका पोस्टमार्टम करवाया और महिला के गले पर लगे निशान के हिसाब से पाया कि महिला ने फंदा लगाकर जान दी है। मृतका की बहन और भाई ने बताया कि घर में चल रही समस्या के बारे में मृतक ने अपने पति को भी मेसेज किए थे, लेकिन कोई जवाब न आने के बाद उसने पति को अलविदा का मेसेज किया और फंदे से झूल गई। मृतका के पिता परमानंद और माता मीरा देवी सहित पवन रानी, वीना देवी, तारो देवी, सलीमा देवी, राजकुमारी, लता, कश्मीरी देवी, सुलोचना देवी, कांता देवी, लीला देवी सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि मृतका को ससुराल पक्ष के लोग दहेज के लिए प्रताड़ित करते थे। ग्रामीणों ने थाना पहुुंचकर ससुराल पक्ष के लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में एसएचओ सदर संजीव गौतम का कहना है अप्राकृतिक मौत के चलते पुलिस धारा 174 के तहत कार्रवाई कर रही थी। सोमवार को मृतका के मायके पक्ष चंबोह गांव के ग्रामीणों ने ससुरालियों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया है। पुलिस ने मामला दर्जकर कर लिया है, छानबीन जारी है।