शिकारी माता मंदिर के कपाट शुक्रवार से बंद हो गए हैं। अब श्रद्धालु मार्च में चैत्र नवरात्र के दौरान माता के दर्शन कर पाएंगे। यह निर्णय एसडीएम की अध्यक्षता वाली मंदिर प्रबंधन कमेटी ने लिया है। एसडीएम थुनाग रमेश कुमार ने बताया कि सर्दी के मौसम में सराज के विभिन्न क्षेत्रों में भारी बर्फबारी की आशंका के चलते प्रशासन ने ऊंचे पहाड़ों में जाने के लिए आम आवाजाही पर आधिकारिक तौर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है। कोई भी श्रद्धालु, पर्यटक और ट्रैकर शिकारी देवी की चोटियों की ओर नहीं जाएगा। सर्दी के मौसम में संभावित शिकारी देवी, शैटाधार, तुंगासी गढ़ और देव कांडा में बर्फबारी की भारी संभावनाएं बनी रहती हैं। बर्फबारी के कारण माता शिकारी देवी मंदिर के रास्ते बंद हो जाते हैं। ऐसी स्थिति में हादसों का खतरा भी बढ़ जाता है।