होली में बेटे ने मां को कांच की बोतल से ही मौत के घाट उतारा था। कांच की बोतल से हमला होने के दो से चार घंटे के बीच महिला की मौत हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि महिला के शरीर से अत्यधिक खून बह गया था जिस कारण उसने दम तोड़ दिया। विशेषज्ञों की टीम ने महिला से दुष्कर्म पर अपने विचार नहीं दिए। पुलिस को शव से बरामद सभी नमूने फोरेंसिक लैब में ले जाने की सलाह दी है। इससे पूर्व पुलिस पूछताछ में आरोपी चुनी लाल उर्फ कमल ने दुष्कर्म की बात कबूल की थी।
उसके बाद इस बात की पुष्टि के लिए पुलिस शव को लेकर होली से टांडा पहुंच गई, लेकिन चिकित्सकों ने भी कबूलनामे पर प्रतिक्रिया नहीं दी है। पुलिस को अब फोरेंसिक एक्सपर्ट की राय लेनी पड़ेगी। गौरतलब है कि 22 जनवरी की रात को नशे में धुत्त चुनी लाल ने होली के अंदलाग्रां में अपनी मां का कत्ल कर दिया था। चुनी लाल पर आरोप है कि उसने कांच की बोतल अपनी मां को घोंप दी जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने 23 जनवरी को चुनी लाल को गिरफ्तार किया था। पुलिस पूछताछ में उसने दुष्कर्म की बात कबूल की जिसके बाद पुलिस विशेषज्ञ की राय के लिए शव के साथ भटकती रही।
महिला का पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार दोनों 25 जनवरी को कांगड़ा में ही हुआ। पुलिस ने फिलहाल आरोपी के खिलाफ भादंसं की धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया है और इस पूरे केस की छानबीन दुष्कर्म के आरोप के इर्द-गिर्द घूम रही है। जांच अधिकारी प्रीतम शर्मा के अनुसार शव अर्धनग्न अवस्था में बिस्तर से बरामद हुआ। इसी वजह से पुलिस विशेषज्ञ की निगरानी में पोस्टमार्टम करवाना चाहती थी और अब बिसरा व मौके से मिले सभी सुबूत फोरेंसिक लैब भेजे जाएंगे।
डीएसपी वीर बहादुर का कहना है कि महिला की मौत बोतल के जख्म से हुई थी। इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम में हो गई है। पुलिस अब इस केस में फोरेंसिक एक्सपर्ट की मदद लेगी ताकि पूरे केस से जुड़े सभी पहलू खुल पाएं। उन्होंने बताया कि पुलिस आरोपी के बयान अनुसार केस की छानबीन कर रही है।