खज्जियार/मंगला। ग्राम पंचायत बसोधन के एलन खोल गांव के बाशिंदे आज भी दो किलोमीटर दूर से पानी ढोने को मजबूर है। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार मांग के बावजूद गांव के लिए पेयजल लाइन नहीं बिछाई गई है। इस वजह से सैकड़ों ग्रामीण हर रोज कथयाडू नाले से पानी ढोने को मजबूर हैं। इस कारण ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों के मुताबिक कई मर्तबा नेताओं ने एक माह के भीतर गांव में पेयजल की सुविधा उपलब्ध करवाने के वायदे किए हैं। इसके बावजूद जमीनी स्तर पर अभी तक इस दिशा में कोई भी कदम नहीं उठाए गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत से कई बार प्रस्ताव पारित कर विभाग को भेजे गए हैं। लेकिन, समस्या तस की तस ही बनी हुई है।
गौरतलब हो कि 21वीं शताब्दी में भी बसोधन पंचायत का एलनखोल गांव के बाशिंदे पानी के लिए तरसने को मजबूर हैं। गांव में पानी की कोई भी पेयजल लाइन का न बिछना और सार्वजनिक नल का न होना भी इसका मुख्य कारण है। पेयजल लाइन के अभाव में गांव की 150 लोगों की आबादी दो किलोमीटर का लंबा सफर तयकर कथयाडू नाले का रुख करना पड़ रहा है। ऐसे में ग्रामीणों का आधा दिन पानी लाने में ही बरबाद हो जाता है।
ग्रामीण जोधा राम, उत्तम चंद, सोभिया राम, धर्म चंद, करतार सिंह, विक्रम, कुलदीप सिंह, गर्व सिंह, केवल कुमार और किशोरी लाल ने बताया कि गांव में पेयजल की सुविधा न होने संबंधी कई बार नेताओं को अवगत करवाया गया। मगर आज तक सुविधा से वह वंचित हैं। ग्रामीणों ने संबंधित विभागीय अधिकारियों से उनके गांव को जल्द पेयजल लाइन बिछाने की मांग उठाई है।
आईपीएच विभाग के अधिशासी अभियंता दिनेश कपूर ने बताया कि इस संदर्भ में उन्हें कोई शिकायत नहीं मिली है। बहरहाल, लोगों को मांग को देखते हुए गांव में पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।