होली (चंबा)। जनजातीय क्षेत्र होली को जिला मुख्यालय से जोड़ने वाली खड़ामुख-होली सड़क आठ दिन बाद भी नहीं खुल पाई है।
इससे जनजातीय क्षेत्र की 14 पंचायतों के लोगों की दिक्कतें बढ़ गई हैं। पानी की बौछार के साथ ब्लास्टिंग के जरिये भी पहाड़ी को नहीं गिराया जा सका है। विभाग पहाड़ी के पूरी तरह गिरने का इंतजार कर रहा है। विभाग ने मार्ग की बहाली में और समय लगने की बात कही है। उधर, मार्ग बंद होने से हालात यह हो गए हैं कि लोगों को रोजाना इस्तेमाल होने वाली वस्तुओं जैसे दूध, अंडा और ब्रेड की आपूर्ति भी नहीं हो पा रही है। सब्जियां भी क्षेत्र की दुकानों से लगभग गायब हो गई हैं। उधर, लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी जान जोखिम में डालकर मार्ग को बहाल करने में जुटे हैं, लेकिन बार-बार पहाड़ी से भूस्खलन होने के कारण मार्ग बंद हो रहा है। जनजातीय क्षेत्र के लोगों के लिए इस समय सबसे बड़ी चुनौती बीमार लोगों को मेडिकल कॉलेज पहुंचाना है। हालांकि, इसके लिए सियुंर पुल से आवाजाही हो रही है, लेकिन यहां से सफर भी काफी महंगा हो गया है। इस मार्ग से वाहन चालक पहले भरमौर से सियुंर पुल किराया 1200 रुपये लेते थे। अब 1800 रुपये तक किराया वसूल किया जा रहा है।
उधर, पहाड़ी को गिराने के लिए पीडब्ल्यूडी एड़ी चोटी का जोर लगा रहा है। दो बार पहाड़ी को पानी की बौछारों से गिराने की कोशिश की गई। छह दिन से लगातार ब्लास्टिंग की जा रही है, मगर अभी तक सकारात्मक परिणाम सामने नहीं आए हैं। स्थानीय लोगों में देविंद्र सिंह, अमित कुमार, वीरेंद्र कुमार, सोनू राम और सनी ने कहा कि प्रशासन इस मामले में त्वरित कार्रवाई नहीं कर रहा है। उन्होंने स्थानीय नेताओं पर भी आरोप लगाया कि क्षेत्र की 14 पंचायतें पिछले आठ दिनों से परेशानी में हैं, मगर नेता कोई प्रयास नहीं कर रहे हैं।
लोक निर्माण विभाग के कनिष्ठ अभियंता अजय शर्मा ने कहा कि भूस्खलन नहीं रुक रहा है। ऊपरी सड़क पर एक मशीन लगाई गई है। यहां से पहाड़ को हल्का-हल्का गिराने के प्रयास किए जा रहे हैं। मार्ग खुलने में समय लगेगा।
स्थानीय विधायक डॉ. जनकराज ने कहा कि लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से वे फीडबैक ले रहे हैं। विभाग को जल्द मार्ग बहाल करने के आदेश दिए गए हैं।
पूर्व विधायक ठाकुर सिंह भरमौरी ने कहा कि स्थानीय जल विद्युत परियोजनाओं को दोनों तरफ से मशीनरी लगाने के आदेश दिए हैं। सरकार को भी अवगत करवाया है।