चंबा। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज सहित जिले के सभी सरकारी अस्पतालों में कफ सिरप की गुणवत्ता की जांच होगी। इसके लिए दवा निरीक्षक ने जिला दवा स्टोर और मेडिकल कॉलेज के दवा स्टोर से चार सैंपल भरे हैं। साथ ही शहर के निजी दवा स्टोरों से भी चार सैंपल भरे हैं।
इन सैंपलों की जांच के लिए कंडाघाट स्थित प्रयोगशाला में भेजा है, जहां दवाई को वैज्ञानिक मानकों पर परखा जाएगा। हाल ही में मध्य प्रदेश में कफ सिरप पीने से हुई बच्चों की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग ने जिले में सतर्कता बढ़ा दी है। पहले जहां निजी दवा स्टोरों में बिकने वाली दवाइयों की गुणवत्ता जांची जाती थी। सरकारी अस्पतालों में रूटीन में ही सैंपल लिए जाते थे, लेकिन अब दोनों जगह सैंपल भरे जा रहे हैं। खासतौर पर खांसी और जुकाम में दी जाने वाली सभी दवाइयों की गुणवत्ता जांची जा रही है, ताकि मरीजों की सेहत पर किसी प्रकार से बुरा प्रभाव न पड़े।
पहले फेल हो चुके सैंपल
हाल ही में जिले के निजी स्टोरों में बिकने वाली वायरल फीवर और कोल्ड कफ की दवाई के सैंपल भी फेल निकले हैं। इन दवाइयों की बिक्री पर रोक लग चुकी है। ऐसे में अब सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाली दवाइयों की गुणवत्ता जांच पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
रिपोर्ट आने के बाद अमल में लाई जाएगी आगामी कार्रवाई
मेडिकल कॉलेज और जिला दवा स्टोर से कफ सिरप के सैंपल भरे हैं। प्रयोगशाला से सैंपलों की रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। डॉ. बिपिन ठाकुर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, चंबा