रेहड़ियों ने रोका चंबा शहर के कसाकड़ा से लेकर गांधी गेट तक रास्ता, राहगीर भी होते रहे परेशान
हादसे के डर से बचते-बचते निकलते रहे राहगीर, मार्ग पर खड़े दोपहिया वाहनों ने भी बढ़ाई परेशानी
शहर के कसाकड़ा से लेकर गांधी गेट तक रास्ते में बुधवार सुबह नियमों का मजाक बनता नजर आया। प्रशासन के आदेश भीड़ और बेपरवाही के शोर में दब गए।
सड़क पर सजीं रेहड़ियां, बीच से गुजरते वाहन और सिमटती जगह ने हालात ऐसे बना दिए कि पैदल चलना भी किसी जोखिम भरे सफर से कम नहीं रहा। हर गुजरते पल के साथ हादसे का डर मंडराता रहा।
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। कसाकड़ा से गांधी गेट तक रास्ता बुधवार को अव्यवस्था की भेंट चढ़ा रहा। नगर परिषद और प्रशासन के निर्देशों के बावजूद सुबह 10:45 बजे तक सड़क के किनारे रेहड़ियां सजा दी गई हैं। वाहनों की आवाजाही भी हो रही है। संकरे मार्ग से होकर गुजरने वाले राहगीर बचते-बचते निकल रहे हैं। सुबह 11 बजे तक संकरे मार्ग के किनारे खड़े दोपहिया वाहनों के कारण जगह और कम कर दी। मार्ग रेहड़ी-पटरी वालों से भी घिरा रहा। सड़क पर दोपहिया और चौपहिया वाहन दौड़ते रहे। इससे पैदल चलने वाले लोगों के लिए रास्ता लगभग बंद हो गया था। राहगीरों को हर समय दुर्घटना का डर सताता रहा। राहगीरों ने इस अव्यवस्था पर नाराजगी भी जताई। हैरानी की बात है कि नगर परिषद ने अवैध रेहड़ी धारकों को पहले ही सख्त हिदायत दी थी कि इस मार्ग पर रेहड़ियां न लगाई जाएं। साथ ही दोपहिया वाहनों की आवाजाही पर भी रोक लगाने का दावा किया गया था। बावजूद इसके जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आई। खुलेआम नियमों का उल्लंघन हुआ और प्रशासन की सख्ती कागजों तक ही सीमित रह गई।
बाजार में किसी काम के लिए आई थीं लेकिन एक तरफ पैदल खड़ी चढ़ाई दूसरी तरफ वाहनों की आवाजाही से चलने में काफी दिक्कत हुई। इस रास्ते से गुजरना किसी जोखिम से कम नहीं है। हर समय डर बना रहा कि कहीं कोई वाहन टक्कर न मार दे। - कुंता देवी
यह रास्ता सिर्फ आवाजाही के लिए ही होना चाहिए। सैकड़ों लोग आते-जाते हैं। दो पहिया वाहन के गुजरने से हादसे का खतरा लगा रहता है। दोनों तरफ से दो पहिया वाहन आ जाएं तो दिक्कत होती है। - पीपला देवी
सहेलियों के साथ चंबा में हिमाचल दिवस पर कार्यक्रम देखने के लिए आई थीं लेकिन, वाहनों की आवाजाही से परेशानी हुई। एकदम से चढ़ाई पर जब दोपहिया वाहन आ जाए तो उनसे टकराने का डर लगा रहता है। - राखी
अवैध रेहड़ी धारकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्हें हटाने का अभियान चलाया जाएगा। उन्हें पहले भी कई बार हिदायत दी गई है। - राखी कौशल, वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद