मैहला (चंबा)। कुरांह में कूड़ा संयंत्र खोलने के विरोध में क्षेत्र की सात पंचायतों के लोग आ गए हैं। बुधवार को गांधी जयंती पर आयोजित विशेष ग्राम सभा में मैहला ब्लॉक की सात पंचायतों ने कुरांह में कूड़ा संयंत्र न चलाने को लेकर प्रस्ताव पास किया है। इसके साथ ही पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने सरकार व प्रशासन को चेताया कि वे किसी भी कीमत में कुरांह में कूड़ा संयंत्र नहीं चलने देंगे।
कूड़ा संयंत्र से निकलने वाला प्रदूषित धुआं लोगों की सेहत पर बुरा असर डालता है। पहले भी कई लोग इस धुएं से बीमार हो चुके हैं। ग्रामीणों ने बड़ी मुकिश्कल से कुरांह में कूड़ा संयंत्र को बंद करवाया है। दोबारा से कूड़ा संयंत्र को नहीं चलने दिया जाएगा। इसके लिए ग्रामीणों को आंदोलन भी करना पड़ा, तो वे पीछे नहीं हटेंगे।
ग्राम पंचायत मैहला, चड़ी, बंदला, दाडुंई, जांघी, गागला और बकाण में बुधवार को कुरांह कूड़ा संयंत्र के विरोध में प्रस्ताव पारित किया गया। चड़ी के प्रधान दौलत राम, बंदला के प्रधान अक्षय कुमार, मैहला प्रधान नारो देवी, गागला के प्रधान नरेश कुमार और जांघी के प्रधान धर्मेंद्र ने बताया कि कुरांह में कूड़ा संयंत्र शुरू होने से सात पंचायतों का वातावरण खराब होगा।
इसके अलावा कूड़े की वजह से बीमारी फैलाने वाले मक्खी मच्छर तैयार होंगे। इसलिए कूड़ा संयंत्र को किसी भी कीमत में चलने नहीं दिया जाएगा। मैहला पंचायत में बुधवार को जब ब्लॉक स्तरीय गांधी जयंती का कार्यक्रम चला था।
इसमें भी ग्रामीणों ने मुख्यातिथि एसडीएम चंबा दीप्ति मंढोत्रा के समक्ष यह मांग रखी। एसडीएम ने ग्रामीणों को आश्वस्त करते हुए कार्यालय में बैठक करने के लिए बुलाया और कहा कि इस मुद्दे पर मिलकर बैठ कर चरचा की जाएगी। कार्यक्रम में एसडीएम ने बच्चों को नशे की बुराईयों से अवगत करवाया। इसके साथ ही बच्चों को नशे की लत से दूर रहने के लिए प्रेरित किया।