पांगी के उड़ान भरता हेलीकॉप्टर।
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खराब मौसम की वजह से लगातार रद्द हो रही फ्लाइट की निराशा के बीच वीरवार का दिन पांगीवासियों के लिए राहत लेकर आया। घाटी के साच और किलाड़ से दो उड़ानें चंबा के लिए हुईं। इसमें 71 यात्री घाटी के आर-पार हुए।
सभी यात्रियों को पिछले एक सप्ताह से लगातार शेड्यूल दिया जा रहा था लेकिन उड़ान संभव नहीं हो पा रही थी। वीरवार को प्रशासनिक अधिकारियों समेत अग्निशमन विभाग के कर्मचारी और पांगी जाने वाले यात्री सुबह से ही हेलीपैड पर पहुंच गए थे।
यहां सुबह करीब ग्यारह बजे पांगी के साच से हेलीकॉप्टर 17 यात्रियों को लेकर चंबा पहुंचा। इसमें दो मरीज भी शामिल थे जिन्हें उपचार के लिए रेफर किया गया था। चंबा से 19 यात्रियों को लेकर हेलीकॉप्टर ने किलाड़ के लिए उड़ान भरी और किलाड़ से 16 यात्रियों के साथ हेलीकॉप्टर चंबा पहुंचा।
यहां से 19 यात्रियों को लेकर किलाड़ लौट गया। पांगी घाटी के लिए हेलीकॉप्टर भुंतर से आया था। चंबा-पांगी के बीच सर्दियों के मौसम की यह पहली उड़ान है। इस बार सबसे ज्यादा देरी के बाद उड़ानें शुरू हो पाई हैं।
लोग जनवरी माह के आखिर तक एक भी उड़ान न होने से भी खासे नाराज थे। अब उड़ानें होने से सभी यात्रियों ने राहत की सांस ली है। उड़ानें शुरू होने के बाद पंजीकरण के लिए पहुंचने वाले लोगों की संख्या भी बढ़ गई है। अब तक करीब 200 लोग अलग-अलग जगह उड़ान के लिए अपना पंजीकरण करवा चुके हैं।
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मौसम के अनुसार होंगी उड़ानें : डीसी
उपायुक्त सुदेश मोख्टा ने बताया कि लोगों की आवश्यकता को देखकर मौसम के सामान्य होते ही हवाई उड़ान सेवा का शेड्यूल निर्धारित था। रिजर्व हवाई उड़ानें भी मौसम की स्थिति को देख कर शीघ्र करवाई जाएंगी।