चंबा। बार-बार आग्रह के बाद भी ई-केवाईसी और आधार लिंक न करवाने वाले उपभोक्ताओं के नाम राशन कार्ड से गायब होना शुरू हो गए हैं। हाल ही में करीब एक सौ उपभोक्ताओं के नाम राशन कार्ड के ऑनलाइन रिकॉर्ड से हट गए हैं।
ये उपभोक्ता डिपुओं के जरिये ई-केवाईसी और आधार लिंक करवाकर अपने नाम दोबारा अंकित करवा सकते है।
जानकारी के अनुसार जिला चंबा में अब तक करीब साठ प्रतिशत ही ई-केवाईसी ही हो पाई है। इनमें सबसे कम ई-केवाईसी की प्रतिशतता पांगी घाटी में है। भरमौर में भी पूरी तरह ई-केवाईसी रफ्तार नहीं पकड़ पाई है। अन्य ब्लॉकों में 55 से 60 प्रतिशत तक ई-केवाईसी हो चुकी है। सरकार ने तीन बार ई-केवाईसी करवाने के लिए तारीख बढ़ाई थी। अब ई-केवाईसी करवाने के लिए 31 दिसंबर अंतिम तिथि निर्धारित की गई है।
गौरतलब है कि प्रदेश सरकार ने राशन वितरण में पारदर्शिता लाने के लिए ई-केवाईसी और आधार लिंक करवाने की व्यवस्था की है। इस बारे में सभी डिपो धारकों को दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। ई-केवाईसी में सबसे ज्यादा दिक्कत बच्चों और बुजुर्गों के अंगूठा लगाने में पेश आ रही है। इनमें अंगूठे मेल नहीं खा रहे हैं। अब ई-केवाईसी और आधार लिंक न करवाना उपभोक्ताओं पर भारी पड़ना शुरू हो गया है। उधर, कार्यवाहक जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक पुरुषोत्तम सिंह ने बताया कि नाम हटने की सूचनाएं मिली हैं। ई-केवाईसी और आधार लिंक न करवाने पर राशन कार्ड से स्वचालित नाम हटने की व्यवस्था है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया है कि वे ई-केवाईसी और आधार लिंक करवाने में दिलचस्पी दिखाएं।