जान जोखिम में डाल रावी नदी पार कर रहे लोग, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
लेच पंचायत के लोगों के लिए जर्जर पुल से होकर नदी पार करने के अलावा नहीं है अन्य साधन
लोक निर्माण मंत्री से लेकर लोक निर्माण विभाग को बता चुके हैं ग्रामीण समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
धरवाला (चंबा)। भरमौर विधानसभा क्षेत्र की लेच पंचायत के लोगों को जान जोखिम में डालकर जर्जर पुल से आवाजाही करनी पड़ रही है। हालत यह है कि पुल पर डाली तारकोल और लाेहे के चद्दरें निकल चुकी हैं। इस कारण चालक पत्थर रखकर वाहनों को पुल के ऊपर से गुजार रहे हैं। इस कारण कभी भी कोई अप्रिय घटना हो सकती है।
स्थानीय लोग कई बार लोक निर्माण विभाग से इस पुल की हालत को सुधारने की मांग कर चुके हैं, लेकिन अभी तक लोगों को आश्वासन के सिवाय कुछ भी हाथ नहीं लगा है। समय रहते पुल की जर्जर हालत को नहीं सुधारा गया तो यहां पर कोई भी अप्रिय घटना घट सकती है।
लेच पंचायत की 2000 आबादी रावी नदी को पार करने के लिए इसी पुल पर निर्भर है। पैदल चलने वाले पुल को विभाग पहले ही आवाजाही के लिए बंद कर चुका है। उसके बाद भी लोग इस पुल से आवाजाही कर रहे हैं। अब इस वाहन योग्य पुल की हालत इतनी दयनीय हो चुकी है कि उसके ऊपर आवाजाही करना भी जोखिम भरा है।
ग्रामीणों में देवी चंद, बुद्धिया राम, जय सिंह, किशोरी लाल, बूटा राम, बिटू भरमौरी और कुंदन ने बताया कि लेच पंचायत के लोगों को अपनी आजीविका कमाने के लिए रोजाना रावी नदी को पार करके दूसरी तरफ जाना पड़ता है। इसके लिए उन्हें पुल के उपर से गुजरना पड़ता है, लेकिन पुल की हालत ऐसी हो चुकी है कि कभी भी वहां कोई बड़ा हादसा हो सकता है। लोक निर्माण विभाग उपमंडल राख राकेश मरौल ने बताया कि पैदल व मोटरेबल पुलों की मरम्मत करवाने के लिए बजट की डिमांड की गई है। बजट मिलते ही पुलों की मरम्मत करवाई जाएगी।
इनसेट
पुल की मरम्मत करवाने के लिए ग्राम सभा में प्रस्ताव पास किया गया है। इसके अलावा मांग पत्र लोक निर्माण मंत्री, जनजातीय विकास मंत्री और लोक निर्माण विभाग को दिए गए। लेकिन उन प्रस्तावों पर कोई भी गौर नहीं किया गया है। -सुनीता भूषण,लेच पंचायत प्रधान
चंबा के लेच में जर्जर होने के बाद आवाजाही के लिए बंद किया गया पैदल पुल। स्रोत-जागरूक पाठक