चंबा। संत निरंकारी सत्संग भवन मुगला में सत्संग का आयोजन किया। इसकी अध्यक्षता महात्मा कैलाश ने की। सत्संग का शुभारंभ आरती वंदना से किया। इस मौके पर महात्मा कैलाश ने कहा कि उम्रभर मनुष्य लालच में भागा रहता है, जबकि उसे अपने जीवन का मूल्य पता नहीं होता। मनुष्य जीवन एक बार मिलता है, मगर व्यक्ति इससे पैसा कमाने की भाग दौड़, दूसरों को बुरा भला कहने में समाप्त कर देता है। उन्होंने कहा कि इसी भाग दौड़ में मनुष्य ब्रह्मज्ञान की प्राप्ति नहीं कर पाता। सत्संग के समापन पर भंडारे का आयोजन किया। यह जानकारी मीडिया सहायक विनोद कुमार ने दी। उन्हाेंने कहा कि दूरदराज के गांवों कस्बों से आए सैकड़ों श्रद्धालु भक्तों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। इस दौरान साहो, जडेरा, राख, जांगी, मैहला, मंगला और आदर्शनगर आदि क्षेत्रों से आए संतों महात्माओं ने सतगुरु माता सुदीक्षा महाराज की शिक्षाओं को अपने विचारों और भजनों द्वारा व्यक्त किया। इस दौरान सतगुरु माता सुदीक्षा महाराज के प्रवचनों को एलईडी के माध्यम से साध संगत को सुनाया।