चंबा एचआरटीसी की वर्कशॉप बनी तालाब:
चंबा। एचआरटीसी की चंबा वर्कशॉप में हालात डरावने हैं। कदम रखते ही मेकेनिकों के पैर कीचड़ में धंस जाते हैं, चारों तरफ गंदगी और बदबू फैली है।
बारिश में वर्कशॉप में दलदल जैसी स्थिति बन जाती है, जिससे काम करना मुश्किल और खतरनाक हो जाता है। अभी तो बिना बारिश के ही वर्कशॉप तालाब सी दिखाई दे रही है।
मेकेनिक बताते हैं कि पिछले कुछ समय में परिवहन निगम ने मरम्मत के बजाय सिर्फ मिट्टी डाल दी, जिससे अब परिसर पूरी तरह कीचड़ में डूबा है। महीने में कम से कम दो बार बीमार हो रहे हैं।
बारिश में काम बंद करना पड़ता है और पानी में लेटकर बसों की मरम्मत करना स्वास्थ्य के लिए घातक साबित होता है।
हादसे और चोटें आम हैं, फिर भी निगम ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इतना ही नहीं, नालियां इतनी गंदी है और कचरे से अटी पड़ी हैं कि हर समय मक्खियां रहती हैं। हैरानी की बात यह है कि वर्कशॉप के साथ ही कैंटीन है। जहां परिवहन निगम के कर्मचारी, मेकेनिक खाना खाते है। ऐसी गंदगी में खाना खाना भी सेहत के लिए खतरनाक है।
सालों से वर्कशाप की हालत खराब है। जहां बसों की मरम्मत होती है, वहा खतरे में उनकी जिंदगी है। ऐसे में वर्कशॉप की मरम्मत होना बेहद जरूरी है। क्योंकि, हर दिन करीब दस के 20 बसों की मरम्मत होती है। एचआरटीसी के डीडीएम शुगल सिंह का कहना है कि मामला ध्यान में लाया गया है। इसका प्रस्ताव बनाकर उच्चाधिकारी को भेजा गया है। स्वीकृति मिलने पर वर्कशॉप का मरम्मत कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।