चंबा। जिले में बुजुर्गों और बच्चों की फिंगर प्रिंट का मिलान नहीं हो पा रहा है। इसके चलते जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की ओर से करवाई जा रही ई-केवाईसी की प्रतिशतता दर नहीं बढ़ पा रही है। अब तक जिले में 48 प्रतिशत राशन कार्ड उपभोक्ताओं की ही ई-केवाईसी हो पाई है।
हालांकि विभाग की ओर से हर माह आयोजित होने वाली बैठक में डिपो होल्डरों को प्रतिशतता दर बढ़ाने के बारे में निर्देश दिए जा रहे हैं जिससे जल्द समस्त उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी हो सके। जानकारी के मुताबिक जिले में 1,44,310 राशन कार्ड धारक हैं। गौरतलब है कि प्रदेश सरकार की ओर से समस्त राशन कार्डधारक उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी के दिशा निर्देश दिए हैं लेकिन अभी तक शत प्रतिशत कार्य पूर्ण नहीं हो पाया है। बायोमीट्रिक मशीन में फिंगर प्रिंट का मिलान न होने से काफी उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी लटक गई है। सरकार ने डिपो संचालकों को लोगों के घर जाकर भी ई-केवाईसी करने के निर्देश दिए हैं।
श्रेणी धारक उपभोक्ता
एपीएल 89,233 3,53,246
बीपीएल 19,398 79,609
अंत्योदय 10,641 45,602
पीएचएच 25,028 1,07,017
जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक विजय हमलाल का कहना है कि जिले में अब तक 48 प्रतिशत राशन कार्ड धारकों की ही ई-केवाईसी हो पाई है। बच्चों और बुजुर्गों के फिंगर प्रिंट का मिलान नहीं हो पा रहा है। इसके लिए डिपो संचालकों को जरूरी दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं।