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Chamba News: दरके पहाड़ का मलबा हटाना भूला प्रबंधन, बढ़ी मुसीबतें

Sat, 11 Oct 2025 06:55 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
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चंबा में चनेड के पास एनएच किनारे पड़ा मलबा।संवाद - फोटो : poni news
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चनेड़ (चंबा)। आपदा के समय भरमौर-पठानकोट हाईवे पर दरके पहाड़ का मलबा पूरी तरह से साफ नहीं हो पाया है। जिस कारण जरा सी बारिश होने पर चेहली और चनेड़ पुल के समीप से वाहनों और राहगीरों को कीचड़ से होकर गुजरना चुनौतीपूर्ण बन जाता है।
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कीचड़ में फिसलन अधिक होने और कई बार तो हाईवे पर रफ्तार ही थम जा रही हैं। बावजूद इसके प्रबंधन की ओर से महज काम निपटाते हुए वाहनों की आवाजाही के लिए हाईवे बहाल करवा शेष मलबा वैसे का वैसे ही रहने दिया जा रहा है। जो कि लोगों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। ग्रामीणों की मानें तो हाईवे पर चेहली में अमूमन 15-20 मीटर हाईवे और चनेड़ पुल के समीप 30 मीटर हिस्से पर मलबे के ढेर लगे हैं।
इतना ही नहीं, चनेड़ जीरो प्वाइंट से चमड़ोली गांव की सड़क जमींदोज होने के बाद हाईवे पर इसका मलबा पड़ा हुआ है। जिसे यहां से हटाना प्रबंधन ने मुनासिब नहीं समझा है जिससे लोगों की परेशानियां बढ़ रही हैं। एनएच मंडल के अधिशासी अभियंता मीत शर्मा ने बताया कि मामला ध्यान में लाया गया है। आगामी दिनों में हाईवे किनारे मलबे को हटाने के प्रयास रहेंगे।
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चनेड़ पुल के समीप मलबे के ढेर हाईवे किनारे लगे हुए हैं। जिसे अभी तक हाईवे प्रबंधन की ओर से नहीं हटाया जा सका है। बारिश के दौरान उक्त स्थान पर हाईवे अवरुद्ध होने की संभावना बनी रहती है।
संजीव शर्मा, ग्रामीण।
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चेहली में प्राकृतिक आपदा के दौरान पहाड़ दरकने से हाईवे बार-बार वाहनों की रफ्तार रोकता रहा है। प्रबंधन ने भी काम निपटाते हुए महज हाईवे बहाल करवा कर मलबा वहीं पर रहने दिया है। जिससे रफ्तार बार-बार थम जाती है।

-मियां, ग्रामीण
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मलबे के ढेर बारिश के दौरान कीचड़ में तब्दील होने से हाईवे बंद करने का काम करेंगे। इतना ही नहीं मलबे के ढेर हादसों को ही न्योता दे रहे हैं। प्रबंधन को इस और विशेष ध्यान देना चाहिए।
-अमित कुमार, ग्रामीण

हाईवे चंबा की भाग्य रेखा है। यहां पर रफ्तार थमने से देखते ही देखते वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं लेकिन प्रबंधन की लापरवाही आगे लोगों के लिए चुनौती बन जाएगी।
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-युवराज ठाकुर, ग्रामीण
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