नकरोड़ (चंबा)। नागरिक अस्पताल तीसा में डायरिया के मरीजों की संख्या में दिन-प्रतिदिन वृद्धि हो रही है। रोजाना 20 से 25 मरीज डायरिया के शिकार होकर अस्पताल में इलाज करवाने पहुंच रहे हैं।
इसमें चार से पांच मरीजों को अस्पताल में भर्ती भी किया जा रहा है, जबकि अन्य मरीजों को दवाई देकर घर भेजा जा रहा है। मौसम में बदलाव होने के कारण डायरिया के मरीज बढ़ना शुरू हो गए हैं। दूषित पानी और खाना के कारण लोग इस बीमारी का शिकार हो रहे हैं। चिकित्सक मरीजों को इलाज देने के साथ उन्हें पीने के लिए उबला हुआ पानी इस्तेमाल करने की सलाह दे रहे हैं। इस मौसम में बच्चों को लेकर विशेष ध्यान देने के लिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
नागरिक अस्पताल दो दर्जन पंचायतों का केंद्र बिंदू है। ऐसे में यहां काफी अधिक संख्या में मरीज अपनी बीमारी का इलाज करवाने के लिए पहुंचते हैं। अस्पताल प्रबंधन ने गर्मी का मौसम शुरू होने से पहले डायरिया मरीजों के इलाज में इस्तेमाल होने वाली जरूरी दवाइयों का स्टॉक पहले ही मुहैया करवा लिया था, जिससे मरीजों का इलाज करने में किसी प्रकार की परेशानी न आए। जिस प्रकार से गर्मी के शुरुआती मौसम में इन मरीजों की संख्या बढ़ रही है। उसे देख यही लग रहा है कि आगामी दिनों में इन मरीजों की संख्या काफी बढ़ सकती है। ऐसे में अस्पताल प्रबंधन जहां अपनी तैयारी करने में जुटा है तो वहीं ग्रामीणों को इस वायरल की चपेट में आने से बचाने के लिए जागरूक भी किया जा रहा है।
कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर ऋषि पुरी ने बताया कि तीसा अस्पताल में डायरिया के मरीज बढ़ रहे हैं। मरीजों के इलाज के लिए अस्पताल में दवाइयां पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। बच्चों सहित व्यस्क भी इस बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। ऐसे मौसम में लोगों को उबला हुआ पानी पीने की सलाह दी जा रही है।