चंबा। उपायुक्त अपूर्व देवगन ने कहा कि आपदा प्रबंधन में त्वरित प्रतिक्रिया के लिए जिले में गठित सरकारी विभागों और गैर सरकारी संगठनों के समन्वयन पर आधारित प्लेटफार्म को बेहतर बनाया जाएगा।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के तत्वावधान में शीतकालीन तैयारियों को लेकर विभिन्न प्रबंध-व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए उपायुक्त कार्यालय के सभागार में बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त ने संबंधित विभागों अधिकारियों को बर्फबारी वाले क्षेत्रों में मानव संसाधन, मशीनरी और अन्य आवश्यक सामग्री की अग्रिम तैनाती करने के निर्देश दिए।
बर्फबारी के खतरों को देखते हुए ऊंचे दर्रोंं या अन्य संवेदनशील क्षेत्रों की ओर ट्रैकर्स या यात्रियों की आवाजाही रोकने के लिए कार्रवाई करने को कहा। कहा कि ऑरेंज और रेड अलर्ट की चेतावनी में सभी विभागों के अधिकारी अपने कार्य क्षेत्र में तैनात रहें। सभी विभागों में नियुक्त नोडल अधिकारियों को जिले में स्थापित सहायता कक्ष में त्वरित जानकारी साझा करने को कहा। कहा कि जिले में प्रशिक्षित किए गए आपदा मित्र और पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधि राहत एवं बचाव कार्यों में सहयोग देंगे।
ग्रामीण स्तर पर बर्फबारी और भूस्खलन से नुकसान के प्रारंभिक आकलन को लेकर राजस्व और पंचायतीराज विभाग को समन्वयन बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए। जल शक्ति विभाग के अधिकारियों को बर्फबारी वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग को दूरस्थ क्षेत्रों में पर्याप्त मात्रा में अग्रिम खाद्यान्न उपलब्ध करवाने और अतिरिक्त मांग के लिए निर्धारित कार्ययोजना में व्यवस्था बनाने को कहा। बर्फबारी वाले क्षेत्रों और पर्यटन स्थलों में उपमंडल अधिकारियों को बर्फबारी के दौरान उचित प्रबंध करने के निर्देश दिए। डलहौजी में बर्फबारी के दौरान सड़क मार्गों को भी विशेष रूप से खुला रखा जाए। अधिक बर्फबारी की सूरत में पर्यटकों को ऊंचाई वाले क्षेत्रों में जाने की अनुमति न दें और संबंधित क्षेत्रों के अधिकारी समय-समय मौसम के पूर्वानुमान पर चेतावनी भी जारी करें। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को बर्फबारी वाले क्षेत्र पांगी में एनडीआरएफ की टीम की तैनाती को लेकर आवश्यक कदम उठाने को कहा। बैठक की कार्रवाई का संचालन अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी अमित मेहरा ने किया।