परिवहन निगम के कर्मचारियों की टिकट काटने के मुद्दे पर सभी कर्मचारी एकजुट हो गए हैं। मंगलवार को परिवहन निगम से जुड़े कर्मचारियों ने विरोध प्रदर्शन किया। गेट मीटिंग कर निर्णय के खिलाफ नारेबाजी की। परिवहन मजदूर संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सरवन कुमार ने बताया कि हाल ही में परिवहन प्रबंधक ने कर्मचारियों की टिकट काटने का फैसला किया है जोकि गलत है।
कर्मचारी परिवहन निगम की सेवा कर रहे हैं और उन्हें यह सुविधा कई वर्षों से हासिल है। ऐसे में कर्मचारियों को इस सुविधा से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक ओर निगम कर्मचारियों के सालों से लंबित मुद्दों का समाधान नहीं कर पाया है। दूसरी ओर नई नीतियों को कर्मचारियों पर लादा जा रहा है। सभी कर्मचारियों ने एकजुटता से इस निर्णय के खिलाफ नौ फरवरी को भी शिमला में आवाज बुलंद करने की बात कही है।
परिवहन निगम कर्मचारियों ने ऐलान किया है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो कर्मचारी हड़ताल भी कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अब आश्वासन से काम नहीं चलेगा। निगम व सरकार को कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान करना होगा। इस मौके पर सुरेंद्र कुमार, शशि पाल, प्रीतम, कुलदीप, उत्तम, प्रमोद व प्रदीप सिंह समेत अन्य कर्मचारी मौजूद थे।