मायके से सुसराल के लिए निकली दो सगी बहनें हिमो पत्नी हेम राज निवासी डियूर व रीता पत्नी विपिन निवासी सलूणी के साथ हेम राज के बेटे हिमांशु को कठवाड़ घार निगल गई। दर्दनाक हादसे से ठीक पहले मां के बगल में बैठे छह साल के मासूम का बेजान शरीर नाले में पड़ा था।
गाड़ी में जो मां-बेटा हंस-हंस कर बात कर रहे थे अपने पिता को फोन पर घर पहुंचने की सूचना दे रहे थे। वे अब खामोश पड़े थे शरीर में कोई हरकत नहीं थी। लाश के पास सबसे पहले पहुंचे लोगों ने उन्हें उठाने की कोशिश भी की। हर कोई बच्चे को जीवित करने के लिए अपनी ताकत झोंकता नजर आया, लेकिन शरीर से कोई हरकत नहीं हुई। थक हार बच्चे और उसकी मां को स्थानीय लोगों ने लाश मान लिया। यह मंजर देखकर गांव के लोग स्तब्ध थे।
उनके चेहरे पर कई सवाल साफ-झलक रहे थे। लेकिन जवाब देने के लिए जिम्मेदार अधिकारी अभी मौके पर नहीं पहुंचे थे। इस बीच चालक के शरीर में कुछ हरकत हुई और लोगों ने उसे खाई से निकालकर मामूली मरहम पट्टी के बाद चंबा रवाना कर दिया। हादसे में जिंदा बचे दो लोगों के लिए हर कोई किस्मत ने बचाया, की बात करता नजर आया। युवती हादसे के दौरान गाड़ी से बाहर छिटक कर खाई में जा गिरी थी तो युवक भी बीच खाई में ही फंसा रह गया। बरहाल, इस हादसे के बाद समूचा चांजू इलाका शोक में डूब गया है। लोग अव्यवस्था के लिए प्रशासन को कोस रहे हैं।