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Chamba News: वायरल की चपेट में बच्चे, शिशु रोग वार्ड में कम पड़ने लगे बिस्तर

Fri, 17 Nov 2023 09:55 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
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चंबा मेडिकल कॉलेज के ​शिशु रोग ओपीडी में मरीज को चेक करते डॉक्टर।संवाद
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चंबा। मौसम में आ रहे बदलाव के कारण छोटे बच्चे वायरल की चपेट में आ रहे हैं। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज चंबा के शिशु रोग वार्ड में मौजूदा समय में वायरल फीवर और सर्दी-जुकाम से पीड़ित 30 से अधिक बच्चे भर्ती किए गए हैं।
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ओपीडी में रोजाना ऐसे बच्चों की संख्या बढ़ रही है। विशेषज्ञ चिकित्सक अभिभावकों को बच्चों का विशेष ध्यान रखने का परामर्श दे रहे हैं। शिशु रोग वार्ड में बीमार बच्चों की संख्या के आगे बिस्तर भी कम पड़ रहे हैं। हालांकि, प्रबंधन बच्चों के इलाज को लेकर व्यवस्था करने में हरसंभव प्रयास कर रहा है। पिछले सात दिन में 50 बच्चे वायरल फीवर का इलाज करवाकर घर जा चुके हैं। वायरल फीवर और सर्दी-जुकाम की चपेट में आने वाले बच्चों में दस वर्ष से कम आयु वाले बच्चों की संख्या अधिक है। कम उम्र के बच्चे इस बीमारी की चपेट में अधिक तेजी से आ रहे हैं। इसके चलते मेडिकल कॉलेज प्रबंधन भी अलर्ट हो गया है। बच्चों की बीमारी के इलाज को लेकर जहां दवाइयों का स्टॉक एडवांस में मंगवाया गया है। वार्ड में ऐसे बच्चों के इलाज को लेकर पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। निमुलाईजर से लेकर दवाइयों पर पूरी निगरानी रखी जा रही है। कई बच्चों को दिन में दो समय भाप लेने का परामर्श दिया जा रहा है। ऐसे बच्चों के लिए वार्ड में निमुलाईजर की व्यवस्था की गई है। वायरल की चपेट में बच्चों के आने का कारण पूर्ण रूप से मौसम में हो रहे बदलाव को माना जा रहा है। चिकित्सकों का कहना है कि बच्चे अकसर ठंडे फर्श पर या खुले में खेलते रहते हैं। इससे ठंड की चपेट में आने से बच्चे सर्दी जुकाम व बुखार की चपेट में आ सकते हैं।
उधर, शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर विशाल महाजन ने बताया कि मौसम में हो रहे बदलाव के कारण छोटे बच्चे वायरल बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। इनमें सर्दी-जुकाम और बुखार से पीड़ित बच्चों की संख्या अधिक है। अभिभावकों को भी अपने छोटे बच्चों पर बदलते मौसम में विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। बच्चे में सर्दी-जुकाम के लक्षण मिलने पर चिकित्सीय परामर्श लेना चाहिए।
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