भरमौर में गद्दी वेशभूषा में सजे लोगों के साथ मंत्री जगत सिंह नेगी। -संवाद
भरमौर (चंबा)। उपमंडल मुख्यालय भरमौर में महान स्वतंत्रता सेनानी व आदिवासी नेता बिरसा मुंडा की जयंती के उपलक्ष्य में जनजातीय गौरव पखवाड़े का समापन हुआ। इस दौरान आयोजित कार्यक्रम में जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी बतौर मुख्यातिथि शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान प्रदेश सरकार के विभिन्न विभागों, स्थानीय बुनकरों और स्वयं सहायता समूहों जुड़ी महिलाओं ने प्रदर्शनियां भी लगाई गई।
मंत्री जगत सिंह नेगी कहा कि महान स्वतंत्रता सेनानी और आदिवासी नेता बिरसा मुंडा ने जनजातीय लोगों के आत्मसामान एवं स्वाभिमान के महान कार्य किए। जिसकी बदौलत छोटी आयु में ही लोग उन्हें भगवान स्वरूप मानने लगे। उन्होंने कहा कि जनजातीय गौरव दिवस का आयोजन हमारी प्राचीन समृद्ध जनजातीय संस्कृति तथा परंपराओं का प्रचार प्रसार करने का एक गौरवशाली अवसर है।
नेगी ने कहा कि जनजातीय विकास कार्यक्रम के तहत वर्ष 2024-25 में हिमाचल सरकार ने लगभग 900 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है, जो गत वर्ष के बजट की तुलना में लगभग 42 करोड़ पर अधिक है। पहली बार तहसील और उपतहसील स्तर पर विशेष इंतकाल अदालतों का आयोजन कर 2 लाख 25 हजार 734 राजस्व मामलों का निपटारा किया गया। इससे लंबे समय से लंबित राजस्व मामलों का समाधान हुआ।
जनजातीय विकास मंत्री ने बताया कि भरमौर स्थित चौरासी मंदिर परिसर तथा भरमाणी माता मंदिर परिसर के सौंदर्यीकरण के लिए कार्य किए जाएंगे। अगले वर्ष भरमौर में होने वाले जनजातीयय गौरव दिवस पर होने वाले कार्यक्रम में शहनाई वादन प्रतियोगिता करवाई जाएगी। इसमें प्रथम विजेता को 50 हजार, द्वितीय को 30 हजार और तृतीय विजेता को 20 हजार रुपये नकद इनाम दिया जाएगा।
इस अवसर पर पारंपरिक आदिवासी वेशभूषा में कई स्थानीय कलाकारों व स्कूली बच्चों द्वारा विभिन्न प्रकार के रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए गए। समारोह में कार्यकारी एडीएम भरमौर कुलबीर सिंह राणा ने मुख्य अतिथि सहित अन्य गणमान्य मेहमानों का विधिवत स्वागत कर उन्हें सम्मानित किया।
भरमौर में गद्दी वेशभूषा में सजे लोगों के साथ मंत्री जगत सिंह नेगी। -संवाद