खज्जियार के दोनों बैरियर 19 लाख रुपये के घाटे में नीलाम
ऑनलाइन करवाई गई नीलामी की प्रक्रिया, पिछले साल एक करोड़ 20 लाख रुपये लगी थी बोली
इस बार एक करोड़ एक लाख तक सिमटी आंकड़ा, लोगों का आरोप- नहीं मिल पाया पर्याप्त समय
डीके शर्मा
खज्जियार (चंबा)। पर्यटन स्थल खज्जियार के दोनों बैरियरों की नीलामी में इस बार सरकार को 19 लाख रुपये का घाटा उठाना पड़ा है। नीलामी प्रक्रिया ऑनलाइन हुई। इस बार दोनाें बैरियर एक करोड़ एक लाख रुपये में नीलाम किए गए हैं। पिछले साल इन बैरियरों की नीलामी एक करोड़ 20 लाख रुपये में हुई थी। ऐसे में इस बार ऑनलाइन करवाई गई नीलामी की प्रक्रिया से सरकार को 19 लाख रुपये का घाटा उठाना पड़ा है।
दूसरी ओर, लोगाें ने भी आरोप लगाया है कि ऑनलाइन टेंड प्रक्रिया के लिए इस बार विभाग ने पर्याप्त समय नहीं दिया था। इस कारण ऑनलाइन होने वाली नीलामी प्रक्रिया में काफी कम लोगों ने हिस्सा लिया। जानकारी के अभाव और समय न मिलने के कारण ज्यादा लोग टेंडर नहीं भर पाए। इस कारण नीलामी कम राशि तक सिमटकर रह गई। स्थानीय लोगाें में सनी कुमार, अशोक कुमार, रविंद्र कुमार, पवन कुमार, पवन पंजोत्रा और जग्गी शर्मा ने बताया कि ऑनलाइन टेंडर प्रक्रिया के दौरान व्यापक प्रचार-प्रसार का भी अभाव दिखा। दूसरी तरफ समय भी काफी कम मिला है। बताया कि इससे पहले 31 मार्च के आस-पास नीलामी करवाई जाती थी, मगर इस बार मार्च माह के पहले सप्ताह में ही यह नीलामी प्रक्रिया शुरू कर दी गई। 11 मार्च को टेंडर आवंटित कर दिए गए। बताया कि साल दर साल नीलामी राशि बढ़ने के बजाय कम हो गई। इससे सरकार को नुकसान उठाना पड़ेगा। विभागीय अफसरों की कारगुजारी के चलते ऐसा हुआ है। पर्याप्त समय होता तो यह टेंडर अधिक राशि में आवंटित होता।
वन विभाग के रेंज ऑफिसर विनय कुमार ने कहा कि इस बार ऑनलाइन टेंडर प्रक्रिया करवाई गई है। इसमें विभाग की ओर से किसी भी तरह का हस्तक्षेप नहीं किया जाता है। कहा कि अब प्रक्रिया संपन्न हो गई है और दोनों बैरियरों की नीलामी कर दी गई है।