दो दिसवीय प्रशिक्षण शुरू, सही उपचार और देखभाल करने के लेंगी टिप्स
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। नवजात एवं बाल्य कालीन बीमारियों के समेकित प्रबंधन के तहत स्वास्थ्य कार्यकर्त्ता, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों और आशा कार्यकर्ताओं के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर शुरू हुआ। इसकी अध्यक्षता मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जालम भारद्वाज ने की।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य जिला चंबा में नवजात शिशुओं और छोटे बच्चों में होने वाली सामान्य बीमारियों की समय पर पहचान, सही उपचार और उचित देखभाल के बारे में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित करना है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जालम भारद्वाज ने कहा कि यह कार्यक्रम भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य नवजात एवं पांच वर्ष तक के बच्चों में होने वाली प्रमुख बीमारियों जैसे निमोनिया, डायरिया, कुपोषण, बुखार, खसरा और अन्य संक्रमणों की शीघ्र पहचान और समुचित उपचार सुनिश्चित करना है। उन्होंने प्रतिभागियों से आग्रह किया कि वे प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान और कौशल का उपयोग अपने-अपने कार्य क्षेत्रों में पूरी जिम्मेदारी के साथ करें जिससे जिले में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाया जा सके। प्रशिक्षण में विशेषज्ञ प्रशिक्षकों की ओर से प्रतिभागियों को नवजात शिशु की प्रारंभिक देखभाल, स्तनपान के महत्व, कम वजन वाले शिशुओं की देखभाल, सामान्य बाल्य कालीन रोगों की पहचान और उपचार का प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. कविता महाजन और बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. नवीन ने बतौर स्रोत व्यक्ति भूमिका निभाई। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. सुहेल, डॉ करण हितैषी भी उपस्थित रहे।