चंबा के भरमौर से छड़ी के साथमणिमहेश के लिए रवाना होते श्रधालू।संवाद
भरमौर (चंबा)। मणिमहेश यात्रा के दौरान दशनामी अखाड़ा और जम्मू-कश्मीर के भद्रवाह से आई पवित्र छड़ी अगले पड़ाव हड़सर के लिए रवाना हो गई है। रविवार को भगवान शिव शंकर के जयकारों के साथ सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु हड़सर के लिए निकले।
हड़सर के बाद धन्छौ में छड़ी का अगला पड़ाव रहेगा। 11 सितंबर को राधाष्टमी के शाही स्नान से पहले यह पवित्र छड़ी मणिमहेश डल झील पहुंचेंगी। दूसरी तरफ, राधाष्टमी के शाही स्नान को लेकर लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है। जैसे जैसे शाही स्नान पास आ रहा है, श्रद्धालुओं की संख्या में भी बढ़ोतरी हो रही है। दिन के साथ रात के समय भी काफी संख्या में श्रद्धालु मणिमहेश के लिए कूच कर रहे हैं।
माना जा रहा है कि सोमवार को मणिमहेश की तरफ जाने वाले श्रद्धालुओं की तादाद ज्यादा रहेगी, उसके बाद वापसी के लिए आवाजाही शुरू हो जाएगी। दूसरी तरफ, शिव चेलों की अगुवाई करने के लिए कार्तिक स्वामी की छड़ी भी सोमवार को कुगति गांव से विशेष पूजा-अर्चना के बाद मणिमहेश के लिए रवाना होगी। सोमवार शाम को यह छड़ी भी धन्छौ में रुकेगी। मंगलवार दोपहर को यह छड़ी डल झील पर पंहुचेगी। शिव चेले के डल झील में उतरने से पहले कार्तिक स्वामी का चेला झील के किनारे खड़े होकर शिव चेलों को डल में उतरने की अनुमति देता है।