चंबा। जिले के करीब 459 लोगों को क्वारंटीन किया गया है। इसमें 59 लोग जमात के बताए जा रहे हैं। जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग इन लोगों की निगरानी कर रहा है। जबकि होम क्वारंटीन सेंटरों में रखे 59 लोगों में जमात के साथ लौटे 15 लोग शामिल हैं।
जिले के लोगों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने सभी स्वास्थ्य खंडों में एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान भी छेड़ा है। इस अभियान में 610 टीमें डटी हुई है। स्वास्थ्य विभाग एक सप्ताह में अभियान को पूरा करने का टारगेट रखा है। कुल मिला कर कोरोना से निपटने के लिए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से मुस्तैद है।
गौरतलब हो कि कोरोना वायरस की दहशत के बाद शासन-प्रशासन इससे निपटने के लिए पूरी तरह से मुस्तैद है। शासन-प्रशासन ने अपने स्तर पर इसके लिए विशेष कदम बढ़ाए हैं। प्रशासन के किए जा रहे प्रयासों में बाहरी राज्यों से आने वाले लोग सहयोग कर रहे हैं।
ऐसे में प्रशासन ने लाहडू़, तुन्नूहट्टी में बार्डर को सील कर दिया है। ऐसे में बिना अनुमति के जिले में प्रवेश करने वालों को पुलिस पकड़कर बफर क्वारंटीन सेंटरों में रख रही है। इसके तहत अब तक प्रशासन ने 400 लोगों को बफर क्वारंटीन सेंटरों में रखा है। यहां पर स्वास्थ्य विभाग की टीमें सभी लोगों के समय-समय पर निगरानी कर रही है।
जिले में 1.12 लाख लोगों के जुटाए आंकड़े
जिले के सभी स्वास्थ्य खंडों में एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान चलाया गया है। इस अभियान में 610 टीमें तैनात की गई हैं। ये टीमें घर-घर जाकर परिवार के सदस्यों के नाम, पते सहित स्वास्थ्य संबंधी जांच कर रही है।
स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों की मानें तो शनिवार तक जिले में एक लाख 12 लोगों का आंकड़े एकत्रित किए गए हैं। इस बारे में स्वास्थ्य विभाग को ऑनलाइन अपडेट दिया जा चुका है। स्वास्थ्य विभाग ने एक सप्ताह के भीतर एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
इनसेट
सीएमओ चंबा डॉ. राजेश गुलेरी ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा 59 लोगों को होम क्वारंटीन सेंटरों में निगरानी में रखा गया है। कहा कि 59 लोगों में 15 लोग जमात के साथ लौटे भी शामिल हैं।
कहा कि एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान के तहत अब तक एक लाख 12 हजार लोगों से स्वास्थ्य संबंधी आंकड़े हासिल कर चुकी है। कहा कि विभाग द्वारा एक सप्ताह में इस अभियान को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
जिलाधीश विवेक भाटिया ने बताया कि बफर और होम क्वारंटीन सेंटरों में 459 लोगों को निगरानी में रखा गया है।