चंबा। जिले में सूखे से 2.28 करोड़ की फसलें तबाह हो गई हैं। यह आकलन कृषि विभाग ने तैयार किया है। उपायुक्त ने कृषि विभाग को आगामी समय में सूखे की समस्या से निपटने के लिए पूर्व में ही कार्ययोजना बनाकर उसके तहत कार्य करने के निर्देश जारी किए हैं।
गौरतलब है कि जिले में सितंबर 2022 से फरवरी 2023 तक समयानुसार बारिश और बर्फबारी न होने से सूखे जैसे हालात बन गए थे। सूखे के कारण किसानों को भी काफी घाटा उठाना पड़ा। आलम यह रहा कि जिले के अधिकांश हिस्सों में किसानों को फसल रोपित करने के लिए खरीदे गए बीज के अनुरूप भी पैदावार हासिल नहीं हो पाई। किसानों हाकम चंद, होशियार चंद, दिलीप कुमार, लेखराज, अमित कुमार, कन्हैया राम आदि ने बताया कि मौसम की बेरुखी के कारण उन्हें काफी नुकसान उठाना पड़ा। आगामी समय में इस प्रकार के हालात दोबारा पैदा न हों, इसके लिए विभाग को प्रयास अभी से ही आरंभ कर देने चाहिए। कृषि उपनिदेशक कुलदीप कुमार धीमान ने बताया कि बीते वर्ष सितंबर से फरवरी 2023 तक समयानुसार बारिश और बर्फबारी न होने से 2.28 करोड़ का नुकसान हुआ है। इसकी रिपोर्ट विभागीय आलाधिकारियों को भेज दी गई है। बहरहाल, अब मार्च में होने वाली बारिश ने किसानों को राहत प्रदान की है।