अमर उजाला ब्यूरो
चंबा। पंडित जवाहर मेडिकल कॉलेज चंबा में नौकरी के नाम पर बड़ी धांधली सामने आई है। आरोप है कि कंपनी और मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने नियमों को ताक पर रख कर भर्तियां की है। हैरानी इस बात की है कि भर्ती को लेकर किसी प्रकार का इश्तिहार नहीं दिया जा रहा है। बंद कमरे में चहेतों को बुलाकर नौकरी दी जा रही है। पिछले तीन से चार महीनों में ही डाटा ऑपरेटर, लैब असिस्टेंट से लेकर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के तीन सौ से अधिक पदों को भरा गया है। स्थानीय युवा जब भर्ती के लिए कॉलेज प्रबंधन से पूछने जाते हैं। तो उन्हें कहा जाता है कि भर्ती का ठेका सरकार ने निजी कंपनी को दिया है। इसमें कॉलेज प्रबंधन की कोई भूमिका नहीं है। जबकि कंपनी प्रबंधन कहता है कि कॉलेज प्रबंधन को कर्मचारियों की रखने की डिमांड दी जाएगी और उसके अनुसार ही भर्ती होगी। भर्ती की दिनांक और समय कॉलेज प्रबंधन ही तय करेगा। कुल मिलाकर ऐसा लगता है कि कंपनी और कॉलेज प्रबंधन की सांठ-गांठ से मेडिकल कॉलेज में भर्ती की जा रही है। इसके बारे में बेरोजगार युवाओं को कोई सूचना नहीं दी जा रही है। बेरोजगार युवा बंटी कुमार, दिनेश कुमार, चमन सिंह, योगराज, नरेश कुमार, सुरेंद्र, शक्ति प्रसाद, आशा, अनीता कुमारी, निशा और सुरेश कुमार ने बताया कि कई युवाओं ने नौकरी के लिए आवेदन कर रखा है। मगर उन्हें आज दिन तक साक्षात्कार के लिए नहीं बुलाया गया। हालांकि मेडिकल कॉलेज में सैकड़ों युवाओं की भर्ती की गई है। इसमें आचार संहिता के दौरान भी मेडिकल कॉलेज में दर्जनों भर्तियां हुई हैं। इसके बारे में किसी को कोई जानकारी नहीं मिली।
भर्ती प्रक्रिया में योग्यता को नकार सिफारिश को दी तवज्जो
भर्ती प्रक्रिया में योग्यता को नकार कर सिफारिश को महत्व दिया गया है। मेडिकल कॉलेज में कई ऐसे पद हैं जहां पर स्नातक पास अभ्यर्थी होने चाहिए। मगर सिफारिशों के चलते उन पदों पर दसवीं और बारहवीं पास युवाओं को रखा गया है। प्रशिक्षित बेरोजगारों को साक्षात्कार तक में भाग लेने का मौका नहीं मिला। मंत्री, विधायकों और राजनीतिक पार्टियों के ओहदेदार नेताओं के लोगों को बंद कमरे में नौकरी दी गई।
कंपनी प्रबंधन बात करने को नहीं तैयार
इस बारे जब भर्ती लेने वाली कंपनी के प्रबंधन से बात करने की कोशिश की गई, तो उन्होंने इस पर बात करने से साफ मना कर दिया। उनका कहना था कि मेडिकल कॉलेज प्रबंधन को भर्ती के बारे में जानकारी है। उन्हें इसके बारे में कुछ पता नहीं है।
गलत तरीके से हुई भर्ती की करवाई जाएगी जांच : पवन नैयर
सदर के नवनिर्वाचित विधायक पवन नैयर ने बताया कि आचार संहिता में मेडिकल कॉलेज में कोई भर्ती हुई है, तो उसकी जांच करवाई जाएगी। गलत तरीके से कोई भर्ती नहीं होगी। मेडिकल कॉलेज जिला का है। इसमें जिला के सभी बेरोजगार युवाओं को प्राथमिकता और योग्यता के आधार पर भर्ती किया जाएगा।
मामले की जाएगी जांच : पंकज राय
अतिरिक्त स्वास्थ्य सचिव पंकज राय ने बताया कि उनके ध्यान में यह मामला नहीं है। अगर ऐसा हो रहा है तो इसकी जांच की जाएगी।