अमर उजाला ब्यूरो
चंबा। वर्ष 2019 चंबावासियों के लिए नई उम्मीदें लेकर आया है। नए साल में जिले में पचास करोड़ रुपये की लागत से 15 नई सड़कें और चार नए पुलों का निर्माण होगा। सड़कों और पुलों के निर्माण से हजारों लोगों को आवाजाही की सहूलियत मिलेगी। इसके अलावा चंबा शहर की पेयजल की किल्लत भी दूर होगी। इसके लिए 35 करोड़ की लागत से नई पेयजल योजना का कार्य शुरू हो जाएगा। वहीं वर्ष 2000 से पहले बिछाई गई सभी पाइपों को बदलकर नई पाइपें डाली जाएंगी। इसके ऊपर करोड़ों रुपये की धनराशि खर्च की जाएगी। चंबा शहर के सबसे बड़े वार्ड को नए वर्ष में सीवरेज योजना को तोहफा मिलेगा। इसको लेकर 14 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हो चुका है। नए वर्ष में प्रदेश सरकार की ओर से सीवरेज स्कीम का शिलान्यास किया जाएगा। इन सभी योजनाओं के लिए सदर विधायक पवन नैयर ने विशेष प्रयास किए हैं।
शहर की सबसे बड़ी समस्या कूड़ा संयंत्र को सुलझाने की भी नए साल में योजना बनाई गई है। कुरांह कूड़ा संयंत्र को दोबारा शुरू करके यहां वैज्ञानिक तरीके से कूड़े का निष्पादन होगा। कूड़े से बिजली तैयार करने की योजना बनाई गई है। इसको लेकर विदेशी कंपनी से भी वार्ता चल रही है। नए साल में यह योजना शुरू हो सकती है। इससे शहरवासियों को कूड़े की समस्या से निजात मिलने की संभावना है।
जिले की छह लाख आबादी को नए साल में चंबा मेडिकल कॉलेज में डायलिसिस सेंटर और डिजिटल एक्स-रे की सुविधा मिलेगी। इसके लिए डायलिसिस सेंटर बनकर तैयार हो चुका है। नए साल में स्वास्थ्य मंत्री या स्थानीय विधायक इसका उद्घाटन कर सकता है। ऐसा होने से किडनी रोगियों को डायलिसिस करवाने के लिए जिले से बाहर नहीं जाना पड़ेगा। कुल मिलाकर नया वर्ष चंबा वासियों के लिए नई उम्मीदें और खुशियां लेकर आने वाला है। साथ ही सरोल में मेडिकल कॉलेज का भवन का निर्माण कार्य आरंभ होने की उम्मीद भी है।